धमतरी में मंगलवार को भाजपा जिला कार्यालय में राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने केंद्र सरकार की योजनाओं का उल्लेख किया। साथ ही भूपेश बघेल की ‘गोडसेवादी सोच’ पर पलटवार करते हुए कहा कि नाथूराम गोडसे एक राष्ट्रवादी व्यक्ति थे। मंत्री टंकराम वर्मा ने कांग्रेस पर नाम जोड़ने की राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पहले योजनाएं किसी के नाम पर नहीं थी। लेकिन कांग्रेस ने महात्मा गांधी, इंदिरा गांधी और राजीव गांधी के नाम जोड़कर योजनाओं का नामकरण किया। जी-राम-जी अधिनियम को बताया मील का पत्थर दरअसल, 6 जनवरी को राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा धमतरी पहुंचे थे। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ग्रामीण विकास के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक कदम के रूप में विकसित भारत जी-राम-जी अधिनियम 2025 लाया गया है। यह अधिनियम देश के गांवों को विकसित बनाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा। यह अधिनियम किसानों, मजदूरों और गरीबों को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की प्रधानमंत्री की प्रतिबद्धता का प्रमाण है। साल 2014 में प्रधानमंत्री बनने के बाद नरेंद्र मोदी ने संसद में अपने पहले भाषण में ही यह स्पष्ट कर दिया था कि उनकी सरकार गरीबों के नाम समर्पित रहेगी। उसी भावना के तहत घर-घर बिजली, शौचालय, आवास और जनधन खाते जैसी योजनाएं लागू की गईं। मनरेगा से बेहतर बताया नया अधिनियम मंत्री वर्मा ने कहा कि विकसित भारत जी-राम-जी अधिनियम, मनरेगा का उन्नत और अधिक प्रभावी स्वरूप है। मनरेगा में जहां 100 दिनों का रोजगार मिलता था, वहीं इस नए अधिनियम के तहत ग्रामीण परिवारों को 125 दिनों के सुनिश्चित रोजगार की कानूनी गारंटी मिलेगी। इससे मजदूरों की आय में बढ़ोतरी होगी। उन्होंने यह भी बताया कि मजदूरी भुगतान अब सात दिनों के भीतर किया जाएगा। यदि तय समय सीमा में भुगतान नहीं होता है तो मजदूरों को अतिरिक्त राशि दी जाएगी, जिसे मजदूरी पर ब्याज के रूप में माना जाएगा। इससे मजदूरों को न्याय मिलेगा और भुगतान में देरी की समस्या का समाधान होगा। नाथूराम गोडसे को बताया राष्ट्रवादी मंत्री टंकराम वर्मा ने कांग्रेस पर गंभीर आरोप लगाए और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल पर पलटवार किया। उन्होंने गोडसे को लेकर बयान देते हुए कहा कि नाथूराम गोडसे राष्ट्रवादी व्यक्ति थे। ‘विकसित भारत जी-राम-जी अधिनियम 2025’ भाजपा किसी व्यक्ति विशेष के नाम पर नहीं लाई है। यह राष्ट्रीय आजीविका मिशन का ही उन्नत स्वरूप है, जिसमें कई बदलाव किए गए हैं। उन्होंने दावा किया कि इस अधिनियम के लागू होने के बाद ग्रामीण इलाकों में स्पष्ट रूप से काम नजर आएगा। मनरेगा में जहां काम दिखाई नहीं देता था, वहीं अब जल संरक्षण, नाली निर्माण, सड़क निर्माण और वृक्षारोपण जैसे कार्य धरातल पर होंगे। उन्होंने कहा कि पहले योजनाएं किसी के नाम पर नहीं थीं, लेकिन कांग्रेस ने महात्मा गांधी, इंदिरा गांधी और राजीव गांधी के नाम जोड़कर योजनाओं का नामकरण किया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस को जब-जब मौका मिला, उसने महापुरुषों के नाम हटाकर अपने परिवार के नाम पर योजनाएं रखीं। जानिए भूपेश बघेल ने क्या कहा था ?


