धमतरी| झूरा नवागांव में श्रीराम कथा जारी है। स्वामी विवेकानंद जयंती के अवसर पर आयोजित इस कथा में मध्यप्रदेश सीहोर से आए संत पं. मोहितराम पाठक ने अपने विचार व्यक्त किया। कहा कि सभी सनातनी हिंदू युवा, एक प्रेरणा लेकर चलें कि भारत के बालक-बालिकाएं छत्तीसगढ़ के स्वामी विवेकानंद के आदर्श चरित्र को अपनाएं। यदि ऐसा होता है तो हर युवा स्वामी विवेकानंद बन सकता है और हम भारत का फिर से नवनिर्माण कर सकते हैं। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि भगवान श्रीराम, माता जानकी और लक्ष्मण ने अपने पिता के एक वचन की खातिर वनवास स्वीकार किया। उसी प्रकार हमें भी अपने बुजुर्ग, माता-पिता और गुरुओं की आज्ञा का पालन करते हुए सनातन धर्म और राष्ट्र की रक्षा करनी चाहिए। यही स्वामी विवेकानंद का उद्देश्य भी था। कथा के दूसरे दिन 9 जनवरी को भगवान शिव और माता पार्वती के विवाह का महोत्सव बड़े उल्लास और भव्यता के साथ मनाया जाएगा। कथा सुनने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।


