उत्तर छत्तीसगढ़ शीतलहर की चपेट में है। शुक्रवार को सरगुजा संभाग के पाट क्षेत्र से लेकर मैदानी इलाके में जमकर पाले पड़े। बलरामपुर जिले के सामरी पाट में न्यूनतम तापमान 1 डिग्री दर्ज किया गया है। यहां मैदानी इलाकों में भी जमकर पाले पड़े हैं। संभाग मुख्यालय अंबिकापुर का न्यूनतम तापमान शुक्रवार को 4.3 डिग्री दर्ज किया गया है। मौसम विभाग ने उत्तर छत्तीसगढ़ में शीतलहर का अलर्ट जारी किया है। जनवरी के पहले हफ्ते में रिकार्ड ठंड के बाद दूसरे हफ्ते में भी कड़ाके की ठंड पड़ रही है। न्यूनतम तापमान में आई गिरावट के कारण पाट से लेकर मैदानी इलाकों में भी ओंस की बूंदें जमने लगी है। पिछले 24 घंटे में सर्वाधिक ठंड बलरामपुर जिले में रिकार्ड की गई है। यहां मैदानी इलाकों में भी जमकर पाले पड़े। खुले में रखा पानी भी जम गया। शीतलहर का अलर्ट, 5 दिन रहेगी कड़ाके की ठंड मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, इस साल जनवरी के पहले सप्ताह का औसत न्यूनतम तापमान 4.7 डिग्री रहा है। 2011 के बाद इस साल सर्वाधिक ठंड पड़ रही है। जनवरी के दूसरे सप्ताह में भी रिकार्ड ठंड पड़ रही है। हालांकि शनिवार को सरगुजा में न्यूनतम तापमान में कुछ बढ़ोत्तरी हुई है। मौसम विभाग ने सरगुजा संभाग में शीतलहर को लेकर अलर्ट जारी किया है। आगामी पांच दिनों तक सरगुजा में शीतलहरों के कारण कड़ाके की ठंड पड़ सकती है। इसके बाद दिन का तापमान बढ़ने से कुछ राहत मिलेगी। स्वास्थ्य विभाग ने जारी की चेतावनी सरगुजा में कड़ाके की ठंड को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने चेतावनी जारी कर लोगों से ठंड से बचने की अपील की है। कड़ाके की ठंड के कारण बुजुर्ग और बच्चे बीमार हो रहे हैं। हॉस्पिटल में मौसमी बीमारियों से पीड़ितों की संख्या बढ़ी है। ठंड को देखते हुए संभाग के 4 जिलों में प्रायमरी स्कूल 10 जनवरी तक बंद किए गए हैं। ठंड से कुछ राहत मिलने पर ये स्कूल 12 जनवरी से खोले जा सकते हैं।


