भारतीय जनता पार्टी के छत्तीसगढ़ प्रदेश उपाध्यक्ष नंदन जैन ने गौरेला में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में लाया गया ‘विकसित भारत जी-राम-जी अधिनियम 2025’ ग्रामीण विकास की दिशा में एक क्रांतिकारी कदम है। यह अधिनियम मनरेगा का स्थान लेगा और गांवों को आत्मनिर्भर बनाने में सहायक होगा। नंदन जैन ने बताया कि इस अधिनियम के तहत ग्रामीण परिवारों को 100 के बजाय 125 दिनों की कानूनी कार्य गारंटी मिलेगी। मजदूरी का भुगतान सात दिनों के भीतर करने का प्रावधान है। इसके अलावा बुवाई और कटाई के समय मजदूर 60 दिनों तक कार्य रोक सकेंगे, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों से होने वाले पलायन को रोकने में मदद मिलेगी। उन्होंने आगे कहा कि यह अधिनियम फर्जी मस्टर रोल और धांधली को समाप्त करेगा, जिससे सीधा लाभ मजदूरों को ही मिलेगा। यह कानून जल सुरक्षा, ग्रामीण अधोसंरचना, आपदा सुरक्षा और आजीविका संवर्धन पर केंद्रित है। इस अधिनियम से कृषि, पशुपालन, मत्स्य पालन और कौशल विकास जैसे क्षेत्रों को मजबूती मिलेगी।


