लंबे समय से बिजली बिल जमा नहीं करने वाले एक लाख रुपए से अधिक के बड़े बकायादारों पर अब बिजली कंपनी ने सख्ती शुरू कर दी है। कंपनी ने बकाया वसूली के तहत कुर्की और सीलिंग की कार्रवाई प्रारंभ की है। इसकी शुरुआत पुराने शहर के उन इलाकों से की गई है, जहां वर्षों से बकाया राशि लंबित है। भोपाल सिटी सर्किल के उत्तर संभाग में आने वाले कोतवाली, नादरा बस स्टैंड, छोला, नया कबाड़खाना सहित कई क्षेत्रों में बड़ी दुकानों और मेडिकल स्टोरों को कुर्क किया गया। वहीं पूर्व संभाग के करोंद, भानपुर, चांदबड़ समेत अन्य जोनों में 16 दुकानों और मकानों पर कार्रवाई की गई। बिजली कंपनी के अधिकारियों के अनुसार, कोतवाली जोन में ही 6 ऐसे उपभोक्ताओं की दुकान और मकान सील किए गए, जिन्होंने लंबे समय से बकाया जमा नहीं किया था। अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई केवल शुरुआत है और आने वाले दिनों में बकायादारों की सूची और लंबी होगी। इन उपभोक्ताओं की दुकानें व मकान किए गए कुर्क बिल समय पर देना होगा
बिजली कंपनी के सिटी सर्किल के जनरल मैनेजर प्रदीप सिंह चौहान ने स्पष्ट किया कि “अब कंपनी किसी भी स्तर पर बकाया बर्दाश्त नहीं करेगी। बिजली सेवा चाहिए तो बिल समय पर देना होगा।” एक्सपर्ट व्यू : कानून सबसे ऊपर
हाईकोर्ट के सीनियर एडवोकेट राजेंद्र अग्रवाल का कहना है कि बकाया वसूली सबसे बड़ी चुनौती है। कुर्की जैसी सख्त कार्रवाई से न केवल बकाया वसूली बढ़ेगी, बल्कि यह एक मजबूत संदेश भी देगा कि कानून से ऊपर कोई नहीं।” शहर में बड़े बकायादारों की स्थिति


