सिख समाज छत्तीसगढ़ लेडीज विंग द्वारा शनिवार को खालसा स्कूल ग्राउंड में पारंपरिक लोहड़ी उत्सव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में सिख समाज के हजारों लोगों ने परिवार सहित भाग लिया, जबकि बच्चों ने बढ़-चढ़कर सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं। यह आयोजन पूरी तरह पारिवारिक रहा, जिसमें किसी बाहरी कलाकार को आमंत्रित नहीं किया गया और समाज के बच्चों ने ही मंच संभाला। कार्यक्रम में गुरु नानक पब्लिक स्कूल, हीरापुर के बच्चों ने पंजाब में आई बाढ़ की त्रासदी पर आधारित प्रस्तुति दी। जिसे दर्शकों ने खूब सराहा। महापौर मीनल चौबे और विधायक पुरंदर मिश्रा के आग्रह पर स्कूल द्वारा यह प्रस्तुति दोबारा मंचित की गई। वहीं खालसा शिक्षण समिति के बच्चों की प्रस्तुतियों को भी जमकर तालियां मिलीं। सोहनी जोड़ी प्रतियोगिता में 17 जोड़ियों ने हिस्सा लिया, जबकि 25 न्यूबॉर्न बेबी दादी मां–बेटी और बुजुर्गों से जुड़े ‘कल, आज और कल’ जैसे कार्यक्रम दर्शकों के आकर्षण का केंद्र रहे। ये अतिथि हुए शामिल कार्यक्रम में शहर की प्रथम नागरिक महापौर मीनल चौबे, विधायक पुरंदर मिश्रा, अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष अमरजीत सिंह छाबड़ा, सिख समाज छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष महेंद्र छाबड़ा, गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी स्टेशन रोड के सुरेंद्र सिंह छाबड़ा सहित कई लोग उपस्थित रहे। आयोजकों ने बताया कि सिख समाज छत्तीसगढ़ द्वारा यह आयोजन लगातार 17 वर्षों से किया जा रहा है, जिसका हर साल समाज को बेसब्री से इंतजार रहता है। इस तरह के आयोजनों से बच्चों की प्रतिभा को मंच मिलता है और सांस्कृतिक मूल्यों को बढ़ावा मिलता है।


