मंत्री अविनाश गहलोत ने खनन की शिकायतों पर अधिकारियों को फटकार लगाते हुए कहा – ग्रामीण पिछले 15 दिनों से ठंड में खुले आसमान के नीचे धरने पर बैठे हैं और आप लोग यहां मलाई खा रहे हो? यह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अगर कोई शिकायत लेकर आता है तो बोलने का तरीका ठीक रखो। खनन के मामले की रिपोर्ट सात में चाहिए, मुख्यमंत्री को भेजूंगा। लापरवाही पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। दरअसल, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के मंत्री और झुंझुनूं जिले के प्रभारी मंत्री अविनाश गहलोत सोमवार को उदयपुरवाटी पहुंचे थे। ग्राम पंचायत केड में जनसुनवाई के दौरान ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम पंचायत बामलास और गुढ़ा बावनी की पहाड़ियों में लगातार खनन हो रहा है। इसके विरोध में ग्रामीण पिछले 15 दिनों से कड़कड़ाती ठंड में धरने पर बैठे हैं, लेकिन प्रशासन कोई सुध नहीं ले रहा है। ग्रामीणों और प्रतिनिधियों ने रखीं गंभीर समस्याएं मरुसेना अध्यक्ष एडवोकेट जयन्त मूण्ड, पूर्व सरपंच दारासिंह मेघवंशी और जेपी महला ने पहाड़ियों में हो रहे खनन से उत्पन्न परेशानियों को मंत्री के सामने रखा। उन्होंने बताया कि लीज धारक आवंटित क्षेत्र से कहीं अधिक भूमि पर अवैध खनन कर रहे हैं। साथ ही गौचर भूमि, चारागाहों और जलाशयों पर खनन का कच्चा माल (वेस्ट) डालकर अवैध कब्जा किया जा रहा है। इस मौके पर जिला कलेक्टर अरुण गर्ग, भाजपा जिलाध्यक्ष हर्षिणी कुल्हरी, झुंझुनूं विधायक राजेन्द्र भांबू, पूर्व विधायक शुभकरण चौधरी, रणवीर गुढ़ा और वीरेंद्र प्रताप सिंह सहित अन्य नेता मौजूद रहे।


