टीकमगढ़ में पुलिस विभाग की ओर से जिले भर में नशा मुक्ति जन जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। रविवार को मोहनगढ़ थाना क्षेत्र के बाबाखेरा गांव में शिविर लगाकर लोगों को नशे के दुष्परिणाम बताए गए। इस दौरान जतारा एसडीओपी अभिषेक गौतम ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में लोगों की मौत का ज्यादातर कारण नशे का सेवन कर वाहन चलाना है। एसपी मनोहर मंडलोई ने कहा कि जिले के सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्र में जन जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। इस दौरान लोगों को नशे की लत से होने वाले दुष्परिणाम के बारे में बताया जा रहा है। साथ ही लोगों को नशा छोड़ने का संकल्प दिलाया जा रहा है। आज जतारा एसडीओपी अभिषेक गौतम ने बाबा खेरा गांव में लोगों को जागरूक किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि न शा नाश की जड़ है। नशे की लत के कारण कई परिवार बिखर गए हैं। बच्चों को अच्छी शिक्षा नहीं मिल पा रही है। कोरोना काल में जितनी मौतें बीमारी फैलने से नहीं हुई, उससे कहीं ज्यादा सड़क दुर्घटना में हुई है। इसकी मुख्य वजह नशे की हालत में वाहन चलाना सामने आया है। यदि हम आंकड़े उठाकर देखें तो ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों की असमय मौत की सबसे बड़ी वजह शराब आदि नशे का सेवन करना है। एसडीओपी ने ग्रामीणों से कहा कि शराब पीने वाले व्यक्ति को समाज की मुख्यधारा में जोड़ने के लिए हम सबको मिलकर प्रयास करना होगा। उन्होंने कहा कि अपने गांव, दफ्तर, स्कूल और घर के आसपास लोगों को नशे की लत से दूर रखने के लिए प्रयास करेंगे। साथ ही स्वयं भी नशे की लत से दूर रहेंगे।


