रीवा के मनगवां विधानसभा के गंगेव ब्लॉक अंतर्गत शासकीय हाईस्कूल धवैया में पशु क्रूरता का मामला सामने आया है। आरोप है कि गांव के एक स्कूल परिसर में गोवंश को कई दिनों से ताले के अंदर बंधक बनाकर रखा गया, जिससे ग्रामीणों में भारी आक्रोश फैल गया। मामले की जानकारी मिलते ही ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन शुरू किया। ताला बंद देखकर खिड़कियों से पशुओं को चारा-भूसा डाला गया। उधर मामले की जानकारी मिलते ही एसडीएम ने जांच टीम रवाना की है। ग्रामीणों के समर्थन में मौके पर कांग्रेस के पदाधिकारी भी पहुंचे और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। प्रदर्शन के दौरान गोवंश को स्कूल के अंदर बंद रखने को अमानवीय करार देते हुए तत्काल कार्रवाई की मांग की गई। बताया गया कि स्कूल के भीतर कैद किए गए गोवंश 20 की संख्या में हैं। कांग्रेस ने पूछा-गोवंश को स्कूल में बंद क्यों किया कांग्रेस मनगवां विधानसभा अध्यक्ष प्रकाश तिवारी ने कहा कि जिले भर में कागजों में संचालित हो रही गोशालाओं की हकीकत अब सामने आ रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब सरकारी रिकॉर्ड में गोशालाएं चल रही हैं, तो फिर गोवंश को स्कूलों में बंद करने की जरूरत क्यों पड़ रही है। यह न केवल पशु कल्याण के नियमों का उल्लंघन है, बल्कि प्रशासनिक लापरवाही को भी उजागर करता है। प्रकाश तिवारी ने आगे कहा कि स्कूल में ताले के अंदर कई दिनों तक गोवंश को रखना अपने आप में बड़े सवाल खड़े करता है। इससे यह साफ होता है कि गोवंश संरक्षण के नाम पर सिर्फ कागजी खानापूर्ति की जा रही है, जबकि जमीनी स्तर पर हालात बेहद चिंताजनक हैं। ग्रामीणों ने मांग की है कि गोवंश को तत्काल सुरक्षित स्थान पर भेजा जाए और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। वहीं, इस पूरे मामले पर प्रशासन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया। एसडीएम ने कहा-प्राचार्य से मांगा गया है जवाब एसडीएम संजय जैन से बात की गई तो उन्होंने घटनाक्रम को गंभीरता से लिया। एसडीएम ने कहा कि प्राचार्य से जवाब मांगा जाएगा कि पशुओं को कैद क्यों किया गया है। उनके खाने-पीने की क्या व्यवस्था है,इसका भी अवलोकन करेंगे। लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


