राजस्थान में सरकारी नौकरी की तलाश कर रहे युवाओं के लिए अच्छी खबर है। राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड (RSSB) ने लिपिक ग्रेड-II और कनिष्ठ सहायक के पदों पर भर्तियां निकाली हैं। जिसके तहत प्रदेश के 6 विभागों में लिपिक ग्रेड-II और कनिष्ठ सहायक के 10 हजार 644 पदों पर भर्ती की जाएगी। इसमें गैर अनुसूचित और अनुसूचित वर्गों के लिए आरक्षित पद भी शामिल हैं। ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 15 जनवरी से शुरू होकर 13 फरवरी तक चलेगी। इसके बाद 5 और 6 जुलाई को भर्ती परीक्षा हो सकती है। भर्ती में राजस्थान लोक सेवा आयोग, प्रशासनिक सुधार विभाग के अधीन कार्यालय, कृषि विपणन निदेशालय (कृषि उपज मंडी समितियां), राजस्थान राज्य कृषि विपणन बोर्ड, राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान जैसे विभाग शामिल हैं। इन पदों पर होगी भर्ती शैक्षणिक योग्यता भर्ती में आवेदन के लिए उम्मीदवार का किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड से सीनियर सेकेंडरी (12वीं) पास होना अनिवार्य है। इसके साथ ही कंप्यूटर से संबंधित योग्यता आवश्यक है। उम्मीदवार के पास DOEACC/NIELIT का ‘O’ लेवल या उससे उच्च प्रमाण पत्र, RSCIT, कंप्यूटर साइंस/कंप्यूटर एप्लिकेशन में डिग्री या डिप्लोमा, COPA/DPCS सर्टिफिकेट या 12वीं स्तर पर कंप्यूटर विषय होना मान्य होगा। सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त कोई भी समकक्ष या उच्च कंप्यूटर योग्यता स्वीकार की जाएगी। इसके साथ ही उम्मीदवार को देवनागरी लिपि में हिंदी में कार्य करने का ज्ञान और राजस्थान की संस्कृति का सामान्य ज्ञान होना जरूरी है। आयु सीमा भर्ती में 18 से 40 साल तक की उम्र के अभ्यर्थी आवेदन कर सकते हैं। हालांकि, आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों को नियमों के तहत आवेदन की प्रक्रिया में छूट भी दी जाएगी। एक लाख भर्तियों का भी कैलेंडर जारी राजस्थान सरकार ने सालभर में होने वाली एक लाख भर्तियों का कैलेंडर जारी किया है। इसमें पदों की संख्या और किस महीने में कौन सी भर्ती की परीक्षा होगी यह बताया गया है। इस कैलेंडर में परीक्षाओं को लेकर सभी जानकारी दी गई है। पूरी खबर पढ़िए… …. राजस्थान में नौकरी से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… राजस्थान बजट में डेढ़ लाख सरकारी नौकरियाें की घोषणा संभव:फ्री बिजली पर कड़ा फैसला हो सकता है, पे-कमीशन की संभावना, 25 लाख लखपति दीदी बजट में डेढ़ लाख सरकारी नौकरियाें, 25 लाख लखपति दीदी के साथ राम जल सेतु लिंक प्रोजेक्ट और 9 ग्रीन फील्ड एक्सप्रेस-वे जैसे प्रोजेक्ट्स के जरिए इन्फ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने पर फोकस रहेगा। पूरी खबर पढ़िए…


