ग्वालियर में मकर संक्रांति का पर्व धूमधाम से मनाया जा रहा है। लोग सुबह से स्नान कर दान-पुण्य और पूजा में जुटे हुए हैं। मंदिरों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखी जा रही है, जहां लोग अपने इष्ट देवताओं का आशीर्वाद लेने पहुंचे। ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, सूर्य का धनु राशि से मकर राशि में प्रवेश ही मकर संक्रांति कहलाता है। इस वर्ष मकर संक्रांति बुधवार सुबह 9:30 बजे से शुरू हुई। इसके साथ ही खरमास भी समाप्त हो गया है और सभी शुभ कार्य जैसे विवाह फिर से शुरू हो गए हैं। मकर संक्रांति पर तिल से छह प्रकार के कर्म किए जाते हैं। इनमें तिल के तेल का स्नान, तिल मिश्रित जल से स्नान, तिल से हवन, तिल का दान और तिल से बने पदार्थों का सेवन शामिल है। इस दिन दान-पुण्य, अनुष्ठान और सूर्य देव की आराधना का विशेष महत्व माना जाता है। मकर संक्रांति पर ग्वालियर में गजक की दुकानों पर सुबह से ही भारी भीड़ रही। लोग अपने प्रियजनों के लिए तिल मिठाई खरीदते नजर आए। माना जाता है कि इस दिन तिल से बने मिठाई खाने और दान करने से पुण्य लाभ मिलता है। लोग शहर में पतंगबाजी भी कर रहे है।


