प्रदेश के अस्पतालों में बेहतर चिकित्सा सुविधाओं का दावा किया जाता हो, लेकिन मरीजों को इलाज के लिए भटकना पड़ रहा है। दौसा जिले के मानपुर के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में गुरुवार को मरीजों को दोपहर 12 बजे तक अस्पताल में एक भी डॉक्टर नहीं मिला। सुबह 9 अस्पताल खुलने के बाद करीब 3 घंटे तक डॉक्टर नहीं मिलने पर मरीज परेशान रहे। कई मरीजों को तो काफी देर तक इंतजार के बाद मजबूरन प्राइवेट क्लिनिकों पर इलाज के लिए जाना पड़ा। डॉक्टरों के इंतजार में मरीज अस्पताल के सामने ही बैठे रहे। इलाज नहीं मिलने पर सीएमएचओ डॉ. सीताराम मीणा को शिकायत की। इसके बाद बीसीएमओ डॉ. मनोज मीणा मौके पर पहुंचे तो अस्पताल में एक भी डॉक्टर ड्यूटी पर नहीं मिला। मरीजों ने अस्पताल में डॉक्टर्स के ड्यूटी टाइम पर नियमित नहीं बैठने समेत कई शिकायत की। बीसीएमओ ने कई मरीजों को इलाज दिया। इस दौरान सीएमएचओ ने सिकराय उप जिला अस्पताल से 2 डॉक्टर को मानपुर सीएचसी भेजा। तब 12 बजे मरीजों को इलाज के लिए डॉक्टर मिले। शिकायत है कि यहां आए दिन ड्यूटी टाइम पर डॉक्टर नहीं मिलते और न ही रात कोई चिकित्सक रहता है। जबकि वर्तमान मे चार डॉक्टर कार्यरत हैं। लेकिन केवल नर्सिंग कर्मचारियों के भरोसे व्यवस्था चल रही है। नोटिस दिए, वैकल्पिक व्यवस्था की- CMHO मामले को लेकर सीएमएचओ डॉ. सीताराम मीणा ने बताया- अस्पताल में पदस्थ डॉक्टर्स का दोपहर 12 बजे तक ड्यूटी पर नहीं मिलने की शिकायत मिली थी। बीसीएमओ को तत्काल मौके पर भेजकर जानकारी ली गई तो हालात ठीक नहीं मिले। बिना पूर्व सूचना के एब्सेंट रहने वाले डॉक्टर्स को नोटिस दिए गए हैं। साथ ही मॉनिटरिंग में लापरवाही सामने आने पर ब्लॉक अधिकारी से जवाब तलब किया गया है। लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, कार्रवाई करेंगे।


