सिरसा में चाची भतीजी लापता मामले में खुलासा हुआ है। पुलिस ने 20 दिनों बाद आखिरकार मिसिंग महिला का तो लोकेशन आदि ट्रेस कर पता लगा लिया है। और उसे पंजाब से वापस सिरसा लाया गया है। मगर नाबालिग भतीजी का कोई सुराग नहीं लगा है। हालांकि, घर से जाते समय महिला दवा लेने के बहाने अपनी भतीजी को साथ लेकर गई थी। ऐसे में शक और गहरा गया है। पुलिस के अनुसार, महिला अपने किसी जानकार के पास पंजाब में गई थी। वह अपने पति के साथ रहना नहीं चाहती थी और पति से अनबन के बाद घर से चली गई थी। यहां से जाने पर कुछ दिन वह अपने जानकार पंजाब के संगरूर निवासी युवक के साथ रही थी। सिरसा आने पर महिला ने अपने पति के साथ रहने से मना कर दी और ससुराल वाले भी उसे घर ले जाने पर संतुष्ट नहीं थे। पुलिस महिला को मायके वाले को सौंपा संगरूर निवासी युवक भी अपने बयान दर्ज कराने नहीं पहुंचा। इसके चलते पुलिस ने महिला को मायके वालों के हवाले कर दिया। इस बारे में जिले के गांव के व्यक्ति ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि उसकी 14 साल की बेटी 13 तारीख शाम तीन बजे उसकी भाभी के साथ गई थी। उसकी भाभी घर से जाते समय रानियां से दवाई लेकर आने का बोलकर गई थी। साथ में उसकी बेटी को ले गई थी। वह दोनों ही अगले दिन तक वापस नहीं लौटी। परिजनों का आरोप है कि महिला का चाल-चलन ठीक नहीं है और वह अक्सर लड़कों से फोन पर बात करती रहती थी। सिलसिलेवार ढंग से जानिए पूरा मामला पुलिस के अनुसार, महिला की पंजाब के संगरूर निवासी युवक के साथ पहले से जान-पहचान थी और उनकी आपस में फोन पर बातचीत होती थी। 13 दिसंबर को महिला घर से दवा लेने के लिए रानियां गई थी। साथ में अपनी भतीजी को ले गई। वहां पर पहले अपने मायके में गई और वहां से पंजाब जाने की ठानी। इसके बाद वह रानियां से बस से हनुमानगढ़ होते हुए पंजाब के संगरूर में गई। वहां पर युवक के साथ कई दिन तक रही। अब पुलिस ने लोकेशन ट्रेस कर उसे सिरसा लेकर आई। पुलिस को देरी से सूचना दी ये भी सामने आया है कि लड़की के परिजनों ने उसकी मिसिंग के बारे में देरी से सूचना दी। जांच में ये भी पाया गया है कि लड़की के माता-पिता पहले से महिला अपराध मामले में जेल में हैं। लड़की की मां जेल से बेल मिलने पर घर आई तो उसकी बेटी घर पर नहीं मिली। दो से तीन दिन बाद महिला अपनी बेटी की गुमशुदगी रिपोर्ट दर्ज कराने थाने पहुंची। इस कारण समय से पता नहीं लग पाया और लोकेशन ट्रेस नहीं हो सकी। अगर समय से सूचना मिली होती तो जल्दी बरामद किया जा सकता था। महिला बोली- भतीजी अपने जानकार युवक को बुलाकर साथ चली गई पुलिस के अनुसार, महिला ने पुलिस को पूछताछ में बताया, वह दवा लेने जा रही थी और भतीजी भी साथ चली गई। रानियां जाने पर उसका मन बदल गया और वह घर आना नहीं चाहती थी। भतीजी भी उससे कहने लगी, आप नहीं जाना चाहते तो वह भी घर नहीं जाएगी। भतीजी ने अपने जानकार युवक को फोन मिलाया और उसे बुलाया। उक्त युवक उन्हीं के गांव का रहने वाला है। वे दोनों रानियां से बस में सवार होकर राजस्थान के हनुमानगढ़ गए। दोनों के रास्ते अलग-अलग हुए। वहां से जाने के बाद वह उसे नहीं मिली और उक्त युवक के साथ चली गई। महिला बोली, वह स्वयं पंजाब चली गई। इसके बाद उसका उससे कोई संपर्क नहीं हुआ। इस पर पुलिस ने युवक का पता लगाया और फोन नंबर बंद आ रहा है। पुलिस युवक को पकड़ने के लिए दबिश दे रही है और लड़की नाबालिग है। ऐसे में मामला गंभीर होता जा रहा है। पुलिस के अनुसार, माता-पिता के जेल जाने के बाद युवक लड़की की उसके दादा के नंबर पर फोन करने लगा और उनकी बात होने लगी और दोनों संपर्क में आ गए।


