जैसलमेर जिले के रामगढ़ कस्बे में सोमवार को विराट हिंदू सम्मेलन हुआ। स्थानीय शिव मंदिर से गाजे-बाजे के साथ कलश यात्रा और बाइक रैली निकाली गई, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालु शामिल हुए। कार्यक्रम में श्री श्री 1008 महंत बाल भारती जी महाराज बोले-‘धर्म व राष्ट्र रक्षा के लिए एकजुट हों’। श्री राम मंदिर परिसर में धर्म सभा रखी गई, जहां संतों और वक्ताओं ने समाज, संस्कार और एकजुटता को लेकर अपने विचार रखे। यह यात्रा कस्बे के मुख्य बाजारों, व्यस्त मार्गों और आसुतार चौराहा होते हुए श्री राम मंदिर पहुंची। रास्ते में स्थानीय लोगों ने फूलों से यात्रा का स्वागत किया। सुरक्षा को लेकर भी पुख्ता इंतजाम किए गए थे। श्री राम मंदिर में धर्म सभा श्री राम मंदिर परिसर में धर्म सभा की शुरुआत मां भारती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर की गई। सभा में श्री श्री 1008 महंत बाल भारती जी महाराज और महंत नारायण भारती जी महाराज उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता विनोद बिस्सा ने की। मुख्य वक्ता के रूप में जेठूदान ने समाज को संबोधित किया। महंत बाल भारती का संबोधन महंत बाल भारती महाराज ने सोशल मीडिया के प्रभाव और सामाजिक स्थिति पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि बच्चों को सही दिशा देने में मां की भूमिका सबसे अहम है। माताओं को चाहिए कि वे अपने बच्चों को सनातन संस्कार दें, ताकि वे आगे चलकर समाज और धर्म का नाम रोशन कर सकें। उन्होंने जैसलमेर क्षेत्र में हो रही घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि समाज ऐसी गतिविधियों को स्वीकार नहीं करेगा। महंत नारायण भारती ने एकजुटता पर दिया जोर महंत नारायण भारती ने ‘हम दो हमारा एक’ की नीति पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि भविष्य में एक ही बच्चा समाज और धर्म की जिम्मेदारी कैसे निभाएगा। उन्होंने हिंदू समाज से जागरूक होकर एकजुट होने और धर्म विरोधी गतिविधियों के खिलाफ खड़े होने का आह्वान किया। वक्ताओं ने समाज सुधार की बात कही मुख्य वक्ता जेठूदान ने कहा कि अक्सर बैठकों में केवल राजनीति की चर्चा होती है, जबकि जरूरत धर्म और राष्ट्र से जुड़े मुद्दों पर संवाद की है। उन्होंने गांव-गांव में धर्म सभाएं रखने की बात कही। अध्यक्ष विनोद बिस्सा ने भी समाज में एकता बनाए रखने पर जोर दिया।


