बूंदी पुलिस ने एक विशेष अभियान के तहत तीन स्थायी वारंटियों को गिरफ्तार किया है। ये आरोपी पिछले 5 से 8 सालों से फरार चल रहे थे। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक राजेंद्र कुमार द्वारा चलाए जा रहे वांछित अपराधियों की धरपकड़ अभियान के तहत की गई। पुलिस अधीक्षक राजेंद्र कुमार ने फरार वांछित अपराधियों, स्थायी वारंटियों और भगोड़ों की गिरफ्तारी के लिए विशेष निर्देश दिए थे। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमा शर्मा के मार्गदर्शन और वृत्ताधिकारी नैनवां राजूलाल आरपीएस के निकट पर्यवेक्षण में इस अभियान को अंजाम दिया गया। देई थानाधिकारी कमलेश कुमार के नेतृत्व में एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया। इस टीम ने कड़ी मेहनत, तकनीकी सहायता और मुखबिरों की सूचना के आधार पर थाना क्षेत्र के इन तीनों स्थायी वारंटियों को सफलतापूर्वक गिरफ्तार किया। गिरफ्तार किए गए वारंटियों में पहला रामअवतार उर्फ गोलू (26 वर्ष) पुत्र हरिराम है, जो बंसोली का निवासी है। उसे सरकार बनाम राजाराम केस नंबर 809/17 (धारा 147, 341, 323, 384, 379 आईपीसी) में न्यायिक मजिस्ट्रेट नैनवां द्वारा स्थायी वारंटी घोषित किया गया था और वह करीब 8 साल से फरार था। दूसरा वारंटी गिर्राज पुत्र मोरपाल है, जो जजावर का निवासी है। वह सरकार बनाम गिर्राज केस नंबर 179/21 (धारा 457, 376, 511 आईपीसी) में एडीजे नैनवां द्वारा स्थायी वारंटी घोषित किया गया था और करीब 7 साल से फरार चल रहा था। तीसरा गिरफ्तार वारंटी रतन सिंह पुत्र बन्ने सिंह है, जो हनोतिया रायमल, झालावाड़ का निवासी है। उसे सरकार बनाम रतनसिंह केस नंबर 13/23 में पॉक्सो कोर्ट नंबर 2 बूंदी द्वारा स्थायी वारंटी घोषित किया गया था और वह करीब 5 साल से फरार था। गिरफ्तार किए गए इन तीनों वारंटियों को अब न्यायालय में पेश किया जाएगा। इस कार्रवाई में थानाधिकारी कमलेश कुमार के साथ कॉन्स्टेबल हरिराम (1196), रामअवतार (648), रामखिलाड़ी (1044), फोरुलाल (1044), नरेश (1179), ताराचंद (1088), विश्वेंद्र सिंह (1257) और गंगाचरण (1314) शामिल थे।


