माघ मास की गुप्त नवरात्रि सोमवार से शुरू हो गई। पहले ही दिन विश्व प्रसिद्ध सिद्धपीठ मां बगलामुखी मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचे। इस अवसर पर प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल भी मंदिर पहुंचे और विधिवत दर्शन कर हवन-अनुष्ठान में शामिल हुए। सुबह से लगी भक्तों की लंबी कतार कड़ाके की ठंड के बावजूद सुबह ब्रह्म मुहूर्त से ही मंदिर के बाहर भक्तों की लंबी कतारें लगने लगीं। मंदिर परिसर माता रानी के जयकारों से गूंज उठा और पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। माता का विशेष पीतांबरा श्रृंगार गुप्त नवरात्रि के पहले दिन मां बगलामुखी का आकर्षक पीतांबरा श्रृंगार किया गया। गर्भगृह सहित पूरे मंदिर परिसर को भव्य रूप से सजाया गया और रोशनी से जगमगाया गया। मंत्री और विशिष्ट लोगों ने किए दर्शन राज्य मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने मंदिर पहुंचकर विधिवत पूजा-अर्चना की और प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना की। करणी सेना के प्रमुख जीवन सिंह शेरपुर भी अपने समर्थकों के साथ मंदिर पहुंचे और विशेष पूजा की। दिनभर लगा रहा भक्तों का तांता दिनभर मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रही। भक्त मंदिर परिसर की यज्ञशाला में हवन और पूजा करते नजर आए। देश के अलग-अलग हिस्सों से आए साधक और श्रद्धालु मां बगलामुखी की आराधना में लीन रहे। गुप्त नवरात्रि का विशेष महत्व धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, गुप्त नवरात्रि में मां बगलामुखी की साधना का विशेष महत्व होता है। शत्रु बाधा, वाणी सिद्धि और समस्याओं से मुक्ति के लिए श्रद्धालु यहां दर्शन करने आते हैं। सुरक्षा और व्यवस्था के इंतजाम श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने सुरक्षा और दर्शन व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए हैं। मंदिर के पुजारियों ने बताया कि नौ दिनों तक चलने वाली गुप्त नवरात्रि में विशेष पूजा और हवन का क्रम लगातार जारी रहेगा।


