गुना की सीमा में रेल यात्रियों से चोरी की घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। चोर अब सामान्य कोच ही नहीं, बल्कि एसी कोच को भी निशाना बना रहे हैं। जनवरी महीने में अब तक ट्रेनों में यात्रा कर रहे आठ यात्रियों से चोरी की वारदात सामने आ चुकी हैं। इन घटनाओं में लाखों रुपए के सोने-चांदी के आभूषण, एक लाख रुपए से अधिक की नगदी और कीमती दस्तावेज चोरी हुए हैं। हालात की गंभीरता को देखते हुए दो दिन पहले रेल आईजी ने गुना रेलवे स्टेशन पहुंचकर निरीक्षण किया और अधिकारियों के साथ बैठक भी की। 20 दिनों में आठ घटनाएं, टीसी भी बना शिकार जानकारी के अनुसार पिछले 20 दिनों में ट्रेन यात्रियों से चोरी की आठ घटनाएं दर्ज हुई हैं। इनमें एक मामला ट्रेन टिकट चेकर (टीसी) के साथ भी हुआ, जिसमें चोर उनका मोबाइल फोन लेकर फरार हो गए। लगातार हो रही वारदातों से यात्रियों की सुरक्षा पर सवाल खड़े हो रहे हैं। आगरा की महिला से लाखों के जेवर चोरी सबसे बड़ी घटना आगरा निवासी 60 वर्षीय बेबीताई पति बाबूराव माली के साथ हुई। उन्होंने जीआरपी पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 3 जनवरी को वह ट्रेन संख्या 12162 लश्कर एक्सप्रेस के कोच एस/3 की बर्थ नंबर 5 पर आगरा से मुंबई जा रही थीं। यात्रा के दौरान वह अपनी सीट पर सो रही थीं। ट्रेन के गुना पहुंचने से करीब 10 मिनट पहले सिरहाने रखा उनका हैंड बैग एक अज्ञात बदमाश झपटकर लेकर ट्रेन से उतर गया। बैग में सोने की चार चूड़ियां, मंगलसूत्र, कई अंगूठियां, सोने की जंजीर, कान के टॉप्स, चांदी की पायल, चांदी की सिल्ली, आधार कार्ड, पेन कार्ड, राशन कार्ड और 56 हजार रुपए नकद सहित अन्य कीमती सामान रखा हुआ था। शिकायत के आधार पर जीआरपी ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। छत्तीसगढ़ की महिला का बैग चोरी दूसरा बड़ा मामला छत्तीसगढ़ के बिलासपुर की रहने वाली 43 वर्षीय सवारी सुल्तानिया पत्नी अभिषेक सुल्तानिया के साथ सामने आया। उन्होंने बताया कि 15 जनवरी को वह ट्रेन संख्या 18573 भगत की कोठी एक्सप्रेस के कोच ए/1 में उसलापुर से सोगरिया (कोटा) की यात्रा कर रही थीं। उनके पास दो बैग थे, जिनमें से एक नीले रंग का पिट्ठू बैग था। इस बैग में करीब 25 हजार रुपए नगद, दो एयर बड्स, तीन एप्पल चार्जर, दो क्रेडिट कार्ड, आधार कार्ड, चश्मे, सनग्लास और दवाइयां रखी थीं। दमोह और गुना रेलवे स्टेशन के बीच अज्ञात बदमाश उनका बैग चोरी कर ले गया। गुना स्टेशन पर ट्रेन रुकने पर जब उनकी नींद खुली, तब बैग गायब मिला। इस मामले में भी पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल इन दो मामलों के अलावा छह अन्य यात्रियों के साथ भी चोरी की घटनाएं हो चुकी हैं। लगातार बढ़ रही घटनाओं से रेल यात्रियों में भय का माहौल है। जीआरपी पुलिस सभी मामलों की जांच में जुटी है, लेकिन चोरों की गिरफ्तारी अब तक चुनौती बनी हुई है।


