जयपुर के राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर में रोटरी डिस्ट्रिक्ट 3056 की दो दिवसीय वार्षिक कॉन्फ्रेंस का आयोजन हुआ। इस सम्मेलन में देश के विभिन्न हिस्सों से 700 से अधिक रोटेरियन एकत्र हुए। कार्यक्रम की शुरुआत डिस्ट्रिक्ट गवर्नर डॉ. राखी गुप्ता के स्वागत भाषण से हुई, जिन्होंने ‘द मैजिक ऑफ रोटरी’ थीम के तहत किए गए कार्यों का विवरण प्रस्तुत किया। कॉन्फ्रेंस के चेयरमैन और 41 वर्षों के अनुभवी रोटेरियन पीडीजी अजय काला ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत की। विशेष अतिथि के रूप में पूर्व रोटरी इंटरनेशनल अध्यक्ष डॉ. शेखर मेहता ने पोलियो उन्मूलन में रोटरी के योगदान पर प्रकाश डाला और पिछले 40 वर्षों की सेवा यात्रा को साझा किया। रोटरी इंटरनेशनल अध्यक्ष के विशेष प्रतिनिधि संजय मालवीय ने संगठन की वैश्विक भूमिका पर चर्चा की। सम्मेलन में सुरेश पोद्दार ने सामाजिक उद्यमिता के माध्यम से समुदाय विकास पर अपने विचार रखे। पहले दिन के सत्रों में रोटरी की थीम, सामाजिक सेवा, वैश्विक प्रभाव और तकनीकी नवाचारों पर विस्तृत चर्चा हुई। सम्मेलन में विभिन्न क्षेत्रों के प्रतिष्ठित विशेषज्ञों ने अपने विचार साझा किए। सुरेश पोद्दार ने ‘रोटरी की प्रासंगिकता’ विषय पर चर्चा करते हुए बताया कि कैसे सामाजिक उद्यमिता के माध्यम से समुदाय के विकास को गति दी जा सकती है। रोटरी के वरिष्ठ सदस्य रवि वद्लामनी ने ‘रोटरी के सेवा जादू’ पर अपने अनुभव साझा किए और बताया कि कैसे सेवा प्रोजेक्ट्स के माध्यम से समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाया जा सकता है। डॉ. वृंदावन चंद्र दास ने ‘विश्व शांति का फार्मूला’ विषय पर अपना उद्बोधन देते हुए जीवन में शांति और सद्भाव के महत्व को समझाया। अजय डाटा ने ‘आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और इंटरनेट का भविष्य’ विषय पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि चैटजीपीटी और अन्य एआई तकनीकों ने हमारे जीवन को आसान बनाया है और आने वाले 10-15 वर्षों में कई कंपनियां पूरी तरह से एआई-ड्रिवन हो जाएंगी। उन्होंने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के उपयोग और उसके प्रभाव पर विस्तृत जानकारी दी। कांफ्रेंस में डॉ. संजीव शर्मा द्वारा मॉडरेट किए गए पैनल डिस्कशन में डॉ. कुलदीप गरचा (पोलो विशेषज्ञ), शिप्रा विक्रम (डायरेक्टर, RGHS), योगाचार्य धाकर्म और डॉ. रवि प्रकाश मेहरेड़ा, आईपीएस ने भाग लिया। इस सत्र में पुलिस, स्वास्थ्य, योग और पोलो जैसे विषयों पर दिलचस्प चर्चा हुई।


