महाकुंभ प्रयागराज में मध्यप्रदेश संस्कृति विभाग द्वारा संचालित मध्यप्रदेश मंडपम में तीन दिवसीय गणगौर नृत्य की प्रस्तुति दी गई। यह प्रस्तुति खंडवा के गणगौर लोक नृत्य कला केंद्र द्वारा दी गई। संचालिका अनुजा उपाध्याय ने बताया कि महाकुंभ प्रयागराज में यह कार्यक्रम शिव-पार्वती के लोक रूप पर आधारित गणगौर नृत्य पर किया गया। जिसमें नृत्य, गायन और वादन भी था। 15 बालक-बालिकाओं के द्वारा धर्म से जुड़ी प्रस्तुतियां दी गई। निमाड़ में उत्साह के साथ मनाया जाता है गणगौर
बता दें कि गणगौर पर्व राजस्थान के साथ पूरे निमाड़ में उत्साह के साथ मनाया जाता है। खंडवा के प्रसिद्ध गणगौर दल लोक नृत्य कला केंद्र की टीम द्वारा उज्जैन, कुरुक्षेत्र मेला महोत्सव व अन्य स्थानों पर जाकर प्रस्तुतियां दी और सम्मानित हुई हैं। 3 दिन तक चला गणगौर नृत्य का आयोजन
दल का नेतृत्व कर रही अनुजा उपाध्याय ने बताया कि मध्यप्रदेश टूरिज्म बोर्ड के द्वारा उनके दल को आमंत्रित किया गया था। महाकुंभ में 3 दिन के लिए गणगौर नृत्य का कार्यक्रम था। 29, 30 और 31 जनवरी को खंडवा के दल ने प्रस्तुति दी। इसके एवज में प्रदेश सरकार द्वारा पारिश्रमिक का भुगतान किया गया। साथ ही 16 लोगों के आने-जाने का खर्च दिया।


