टोंक में हाल ही हुई मावठ के बाद मौसम का असर साफ तौर पर महसूस किया जा रहा है। रविवार को लगातार दूसरे दिन गलन ज्यादा रही, जिससे लोगों को सर्दी का एहसास बढ़ गया। मौसम साफ रहने के बावजूद ठंडक बनी रही और कामकाजी लोगों से लेकर दुपहिया वाहन चालकों तक की दिनचर्या प्रभावित हुई। रविवार को न्यूनतम तापमान 6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। गलन से बढ़ी ठंड, शीतलहर नहीं चली रविवार को शनिवार जैसी शीतलहर तो नहीं चली, लेकिन गलन इतनी ज्यादा रही कि लोग ठिठुरते नजर आए। सुबह के समय सर्दी का असर ज्यादा रहा और 11 बजे तक भी लोग ऊनी कपड़े पहने रहे। धूप निकलने के बावजूद ठंडक कम नहीं हुई, जिससे दोपहर के कुछ घंटों को छोड़कर पूरे दिन सर्दी बनी रही। कामकाजी लोगों की दिनचर्या प्रभावित गलन के कारण सबसे ज्यादा परेशानी कामकाजी लोगों को उठानी पड़ी। खुले में काम करने वाले मजदूरों और दुपहिया वाहन चालकों को सर्दी से बचाव के लिए अतिरिक्त ऊनी कपड़े पहनने पड़े। ठंड के चलते लोग घरों से कम ही बाहर निकले और बाजारों में भी सामान्य दिनों की तुलना में आवाजाही कम रही। मावठ के बाद फिर बदला मौसम का मिजाज इस साल मौसम में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। नए साल की शुरुआत में करीब दस दिन ही कड़ाके की सर्दी पड़ी, जबकि आमतौर पर दिसंबर से जनवरी तक घना कोहरा और तेज ठंड रहती है। इस बार न तो ज्यादा दिनों तक सर्दी पड़ी और न ही कोहरा लंबे समय तक छाया। शुक्रवार को हुई मावठ के बाद एक बार फिर ठंडक बढ़ गई और शनिवार को तेज ठंडी हवाएं चलीं। तापमान में गिरावट दर्ज जिले में सर्दी का असर बढ़ने से तापमान लगातार दूसरे दिन कम रहा। अधिकतम तापमान रविवार को भी करीब 19 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना रही, जबकि न्यूनतम तापमान 6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल तापमान में खास बदलाव के आसार नहीं हैं, जिससे ठंड का असर बना रह सकता है।


