मोबाइल पर पढ़ते-पढ़ते 10वीं के छात्र ने अचानक दम तोड़ दिया। बताया जा रहा है कि पढ़ते समय उसके मुंह से चीख निकली और वो नीचे गिर गया। उसे हॉस्पिटल लाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। डॉक्टर हार्ट अटैक से मौत मान रहे हैं। गुरुवार रात कोटा के महावीर नगर इलाके का मामला है। शुक्रवार को परिवार वाले बिना पोस्टमॉर्टम ही शव ले गए। भीलवाड़ा का रहने वाला था, कोटा में कर रहा था पढ़ाई
महावीर नगर थाना सीआई रमेश कविया ने बताया कि केशव (16) पुत्र राजेश चौधरी अपनी मां और बड़े भाई के साथ परिजात कॉलोनी में रह रहा था। वह मूलरूप से भीलवाड़ा की आरसी व्यास के सेक्टर 7 का रहने वाला था। बड़ा भाई आदित्य चौधरी जेईई की कोचिंग कर रहा है, जबकि केशव दिशा डेल्फी पब्लिक स्कूल (DDPS) में पढ़ता था। गुरुवार रात दोनों भाई पढ़ाई कर रहे थे। छोटे भाई की तबीयत बिगड़ गई। शुक्रवार सुबह उन्होंने पोस्टमॉर्टम करवाने से मना कर दिया। परिवार शव लेकर भीलवाड़ा पहुंचे, वहां उसका अंतिम संस्कार किया गया। सीपीआर से भी सुधार नहीं हुआ
मकान मालिक जम्मू कुमार जैन ने बताया कि पढ़ते हुए केशव मोबाइल में कुछ देखने लगा। अचानक उसके मुंह से चीख निकली और वह अचेत हो गया। केशव के मुंह से जोर से चीख निकली तो बिस्तर पर गिरकर निढाल हो गया। बड़े भाई आदित्य ने हमें आवाज दी। मैं वहां गया तब केशव बिस्तर अचेत पड़ा था। पल्स बिल्कुल नहीं चल रही थी। उस पर पानी छिड़का और उसे सीपीआर देने की कोशिश की। लेकिन उससे कुछ सुधार नहीं हो रहा था। हॉस्पिटल लेकर गए, जहां डॉक्टरों ने बहुत कोशिश की, सीपीआर दिया गया। केवल 10 मिनट मैं उसकी मौत हो चुकी थी। भाई ने बताया था कि गिरने के बाद दो बार उसने जोर-जोर से सांस ली थी। डॉक्टर मौत का कारण हार्ट अटैक मान रहे हैं। काॅलोनी के लोगों को खबर मिली तो वे भी सदमे में आ गए
भीलवाड़ा की आरसी व्यास के सेक्टर 7 में रहने वाले राजेश चौधरी के पड़ोसियों को रात में ही केशव के बारे में खबर लग गई थी। पड़ोसी प्रवीण अग्रवाल ने बताया कि दोनों भाइयों को बचपन से हम देखते आ रहे हैं। जब केशव के बारे में पता चला तो पूरी कॉलोनी में सन्नाटा छा गया। शव कॉलोनी पहुंचा तो परिवार को संभालना मुश्किल हो रहा था। कॉलोनी वालों ने चौधरी परिवार को संभाला। इलाके में एक बार ताे सन्नाटा पसर गया। मां बुरी तरह से बिलख रही थी।


