अम्मी को बाबा ने मारा…कहकर फफक फड़ी मासूम:चाय न बनाने पर ससुर ने की बहू की हत्या, बाबा बोले- पोती को मारने वाले पर कार्रवाई हो

लखीमपुर खीरी में चाय बनाने से मना करने पर 60 साल के ससुर ने बांके से काटकर 32 साल की बहू की हत्या कर दी। उसके शरीर के छोटे-छोटे टुकड़े कर दिए। बहू का पेट भी फाड़ डाला। इसके बाद 2 घंटे तक दरवाजे पर बैठकर पुलिस का इंतजार करता रहा। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। मृतका के बाबा रऊफ की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी ससुर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामला मितौली थाना क्षेत्र के गांव खंजननगर का है। वारदात के बाद दैनिक भास्कर की टीम गांव खंजननगर पहुंची। गांव में मातम पसरा था। कोई भी कैमरे पर कुछ भी बोलने को तैयार नहीं था। बमुश्किल परिजनों और गांव वालों ने बात की। पढ़िए पूरी रिपोर्ट… पहले जानिए पूरा मामला… शुक्रवार सुबह करीब 8 बजे गांव वालों ने देखा कि आरोपी ससुर शरीफ अपने घर के बाहर खून से लथपथ बाका और चाकू लेकर कुर्सी पर बैठा था। कोई भी पास जाकर पूछने की हिम्मत नहीं जुटा पाया। गांव वालों ने तुरंत शरीफ के छोटे बेटे सत्तार को सूचना दी, जो उस समय गन्ना लेकर कुम्भी चीनी मिल गया था। सत्तार ने गांव के प्रधान अवधेश और पप्पू को फोन कर मामले की जानकारी दी। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस जब मौके पर पहुंची तो आरोपी शरीफ बिना किसी डर के घर के बाहर ही हथियार लिए बैठा था। पुलिस ने तुरंत उसे गिरफ्तार कर लिया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मासूम बोला- अम्मी को बाबा ने मार डाला मृतका अवरुन्ना उर्फ सिम्मी के दो बच्चे हैं। एक 10 साल का बेटा शमन गाजी और 5 साल की बेटी अरविश है। जब गांव के लोगों ने दोनों बच्चों को ढूंढा तो वे किसी पड़ोसी के घर में सहमे हुए मिले। 5 साल की मासूम अरविश रोते हुए कहती रही, “अम्मी को बाबा ने मारा।” वहीं, 10 साल के शमन गाजी ने बताया, “बाबा ने मम्मी से चाय बनाने को कहा और हमें नाश्ता लेने भेज दिया। जब हम वापस आए, तो देखा बाबा ने मम्मी को मार दिया और दरवाजे पर बैठे थे।” पति ने बोला- मैं खेत गया था, नहीं पता क्या हुआ वहीं के पति शफीक का कहना है कि वह गन्ना छीलने गया था और उसे घटना की कोई जानकारी नहीं थी। उसने यह भी कहा कि उसकी पत्नी ने कभी किसी तरह की कोई शिकायत नहीं की थी। लेकिन मृतका के बाबा रऊफ का कहना है कि आरोपी शरीफ पहले भी उनकी पोती के साथ मारपीट करता था और उस पर गलत नजर रखता था। हत्या के बाद से गांव में तनाव का माहौल है। पुलिस जब घटनास्थल पर पहुंची, तो घर में न ही पति था और न ही सास, देवर या अन्य कोई परिजन। केवल कुछ रिश्तेदार शव के अंतिम संस्कार की तैयारियों में जुटे थे। जिसने मेरी पोती को मारा, उस पर कार्रवाई हो सिम्मी के बाबा रऊफ ने बताया, जिसने मेरी पोती को मारा उस पर सख्त कार्रवाई हो l ससुर के उनकी पोती पर बुरी नीयत रखने वाले सवाल पर बोले अगर कोई बात नहीं थी तो इतना बड़ा हादसा कैसे हुआ। आरोपी इससे पहले भी उनकी पोती की पिटाई कर चुका है। न पंचनामा भरा गया, न ही परिजनों को बुलाया गांव के लोगों का कहना है कि पुलिस ने इस मामले में लापरवाही बरती है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजते समय न तो पंचनामा भरा गया और न ही मृतका के परिवार वालों को बुलाया गया। पुलिस ने जल्दबाजी में शव को सील कर मौके से हटा दिया। जब शव शनिवार शाम 5 बजे गांव पहुंचा, तब भी पुलिस मौके पर नहीं थी। इससे ग्रामीणों में रोष है। गिरफ्तारी की जगह को लेकर उठे सवाल हत्या के बाद आरोपी को पुलिस ने मौके से गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन अगले दिन जारी किए गए प्रेस नोट में बताया गया कि आरोपी को मौसमपुर रोड के हनुमान मंदिर के पास से गिरफ्तार किया गया। यह बात गांव वालों को हजम नहीं हो रही है। लोगों का सवाल है कि अगर शरीफ को मौके से ही पुलिस थाने ले गई थी, तो फिर अगले दिन दूसरी जगह से गिरफ्तारी क्यों दिखाई गई? अपनी बहू पर गलत नजर रखता था आरोपी गांव में इस हत्याकांड को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हैं। कुछ लोगों का कहना है कि शरीफ अपनी बहू पर गलत नजर रखता था और जब उसने विरोध किया तो उसकी हत्या कर दी। वहीं, कुछ लोगों का कहना है कि चाय बनाने को लेकर हुए विवाद के बाद यह घटना घटी। सच्चाई क्या है, यह तो पुलिस जांच के बाद ही पता चलेगा। मृतका का अंतिम संस्कार, परिजन बोले- न्याय चाहिए शनिवार शाम को मृतका के शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया। अंतिम संस्कार के दौरान उसके बाबा रऊफ ने रोते हुए कहा, “जिसने मेरी पोती को मारा है, उसे कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए। अगर कोई गलत इरादा नहीं था, तो फिर इतना बड़ा हादसा कैसे हुआ?” उन्होंने यह भी बताया कि शरीफ पहले भी अवरुन्ना के साथ मारपीट करता था। सीओ गोला गवेन्द्र गौतम ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी गुरुवार को मीट लेकर आया था और उसने बहू को बनाने के लिए कहा, लेकिन अवरुन्ना ने मना कर दिया। इसके बाद शुक्रवार को चाय बनाने को लेकर विवाद हुआ और गुस्से में आकर शरीफ ने बहू की हत्या कर दी। पुलिस की भूमिका पर उठे सवाल गांव के लोग पुलिस की भूमिका पर लगातार सवाल उठा रहे हैं। संवेदनशील मामलों में पुलिस को सख्ती से जांच करनी चाहिए, लेकिन इस केस में पुलिस की कार्यशैली सवालों के घेरे में है। पहले बिना पंचनामा भरे शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज देना, फिर गिरफ्तारी की जगह को बदलकर दिखाना—इन सभी वजहों से पुलिस की मंशा पर संदेह पैदा हो रहा है। फिलहाल, पुलिस ने आरोपी ससुर के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेज दिया है। लेकिन इस मामले में कई पहलुओं की जांच अभी बाकी है। मृतका के बच्चों और पति के बयान भी महत्वपूर्ण होंगे। गांव में लोग अब यह देखना चाहते हैं कि क्या अवरुन्ना को इंसाफ मिलेगा या फिर यह मामला भी अन्य मामलों की तरह धूल फांकता रह जाएगा। यह खबर भी पढ़ें… चाय बनाने से मना करने पर बहू को काट डाला: लखीमपुर में बांके से पेट फाड़ा; दरवाजे पर बैठकर पुलिस का इंतजार करता रहा लखीमपुर खीरी में ससुर ने बांके से काटकर बहू की हत्या कर दी। उसके शरीर के छोटे-छोटे टुकड़े कर दिए। बहू का पेट भी फाड़ डाला। इसके बाद दरवाजे पर बैठकर पुलिस का इंतजार करता रहा। घटना मितौली थाना क्षेत्र के खंजननगर गांव की है। आरोपी ने पुलिस को बताया कि मैंने बहू से चाय बनाने के लिए कहा। इस पर उसने इतना अभद्र जवाब दिया, जिसे मैं बर्दाश्त नहीं कर सका। बांका से उसके टुकड़े-टुकड़े कर दिए। पढ़ें पूरी खबर

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *