पंजाब में खन्ना पुलिस ने फैशन डिजाइनर आशु विजन के घर पर 19 जनवरी की रात हुई फायरिंग और कार जलाने के प्रयास के मामले में बड़ा खुलासा किया है। इस घटना के तार कुख्यात गैंगस्टर गोल्डी बराड़ से जुड़े पाए गए हैं। पुलिस के अनुसार, इस पूरी साजिश का मास्टरमाइंड आशु विजन का मुंह बोला भाई अमित कुमार लाडी है। पुलिस ने इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि शूटर्स की तलाश जारी है। एसएसपी खन्ना डॉ. दर्पण अहलूवालिया ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस मामले का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि यह सिर्फ फायरिंग का मामला नहीं, बल्कि फिरौती, गैंगस्टर नेटवर्क और अंदरूनी विश्वासघात की एक जटिल कहानी है। खुद को गोल्डी बराड़ बताकर मांगे 5 करोड़ एसएसपी के अनुसार, साजिश 25 दिसंबर 2023 को शुरू हुई थी। उस दिन आशु विजन को एक व्हाट्सएप कॉल आई, जिसमें कॉल करने वाले ने खुद को गोल्डी बराड़ बताते हुए 5 करोड़ की फिरौती की मांग की। पैसे न देने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी गई थी। इस धमकी को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने तुरंत अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। पुलिस को तभी अंदेशा था कि यह मामला किसी बड़े गैंगस्टर नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है। जांच में सामने आया कि जब 5 करोड़ की फिरौती नहीं दी गई, तो अपराधियों ने डर का माहौल बनाने के लिए 19 जनवरी की रात आशु विजन के घर पर फायरिंग करवाई और उनकी कार को आग लगाने की भी कोशिश की। सब्जी मंडी में आढ़ती है मास्टरमाइंड पुलिस जांच में सबसे बड़ा खुलासा यह हुआ कि इस पूरे षड्यंत्र का मास्टरमाइंड आशु विजन का मुंह बोला भाई अमित कुमार उर्फ लाडी है। अमित लाडी खन्ना की सब्जी मंडी का एक नामवर आढ़ती है और उसके कई राजनीतिक नेताओं तथा पुलिस अधिकारियों से करीबी संबंध बताए जाते हैं। पुलिस के अनुसार, अमित को आशु विजन की आर्थिक स्थिति, प्रॉपर्टी और लेन-देन की पूरी जानकारी थी। उसे यह भी पता था कि अगर आशु विजन को जान का खतरा महसूस होगा, तो वह फिरौती देने को मजबूर हो सकता है। अमित की योजना थी कि फिरौती की रकम आने पर वह उसका बड़ा हिस्सा खुद हड़प लेगा। दोस्तों के साथ मिलकर रचा प्लान इस साजिश को अंजाम देने के लिए अमित लाडी ने अपने साथी ईश्वर सिंह रंधावा, जो पेशे से प्रॉपर्टी डीलर है, को साथ मिलाया। इसके बाद इन दोनों ने विक्की वाट्स से संपर्क किया, जो एसएस नगर (मोहाली) में जिम चलाता है और वेट लिफ्टिंग का शौकीन है। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, विक्की वाट्स के खिलाफ पहले से ही तीन आपराधिक मामले दर्ज हैं। विक्की ने अपने संपर्कों का इस्तेमाल करते हुए गैंगस्टर नेटवर्क से जुड़ाव दिखाया और गोल्डी बराड़ के नाम से कॉल करवाने की व्यवस्था की, ताकि धमकी को असली गैंगस्टर का रूप दिया जा सके। इसके बाद परमवीर सिंह और हरप्रीत सिंह का साथ लिया गया। शूटर्स हायर कर फैलाई दहशत जब धमकियों के बावजूद फिरौती नहीं मिली, तो साजिशकर्ताओं ने अगला कदम उठाया। शूटर हायर किए। पुलिस के मुताबिक, उक्त आरोपियों ने शूटर्स को हथियार, मोटरसाइकिल और पूरी लॉजिस्टिक मदद दी गई। 19 जनवरी तड़के इन्हीं शूटर्स ने आशु विजन के घर पर फायरिंग की और उनकी कार को जलाने की कोशिश की। पुलिस की तेज कार्रवाई एसएसपी डॉ. दर्पण अहलूवालिया ने बताया कि इस केस में कई टीमों का गठन कर तेजी से कार्रवाई की गई। पुलिस ने मुख्य आरोपी अमित कुमार उर्फ लाडी, ईश्वर सिंह रंधावा, विक्की वाट्स, परमवीर सिंह और हरप्रीत सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। शूटर्स की तलाश जारी है। गोल्डी बराड़ की भूमिका की जांच की जा रही है।


