सीमावर्ती जैसलमेर जिले की स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। जिले के विभिन्न चिकित्सा संस्थानों में रिक्त चल रहे पदों पर एक साथ 21 विशेषज्ञ डॉक्टरों का पदस्थापन किया गया है। लंबे समय से विशेषज्ञ डॉक्टरों की कमी झेल रहे स्थानीय निवासियों के लिए यह राहत भरी खबर है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. राजेंद्र कुमार पालीवाल ने बताया कि राज्य स्तर से जारी नवीन आदेशों के तहत ये नियुक्तियां की गई हैं। उन्होंने जानकारी दी कि जिले की भौगोलिक परिस्थितियों और स्वास्थ्य सेवाओं की आवश्यकता को देखते हुए चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री व जिला प्रभारी मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर के विशेष निर्देशों पर यह पदस्थापन किए गए हैं। इन विभागों को मिले नए विशेषज्ञ डॉ. पालीवाल के अनुसार, जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के लिए अलग-अलग क्षेत्रों के विशेषज्ञों को तैनात किया गया है, जो इस प्रकार हैं: स्त्री रोग विशेषज्ञ: 04 हड्डी रोग विशेषज्ञ: 03 निश्चेतन (Anesthesia) विशेषज्ञ: 03 मेडिसिन विशेषज्ञ: 02 चर्म रोग विशेषज्ञ: 02 अन्य: सर्जरी (1), शिशु रोग (1), पैथोलॉजिस्ट (1), माइक्रोबायोलॉजी (1), फार्माकोलॉजिस्ट (1), एमबीबीएस (1) एवं एमबीबीएस पीसीपीएनडीटी (1) विशेषज्ञ। मरीजों को नहीं जाना पड़ेगा बाहर डॉ. पालीवाल ने कहा कि जिले के विभिन्न अस्पतालों में इन विशेषज्ञ डॉक्टरों के कार्यभार संभालने से स्थानीय मरीजों को अब गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए जोधपुर या अन्य बड़े शहरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। विशेष रूप से मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य और हड्डी रोग से जुड़ी समस्याओं का समाधान अब स्थानीय स्तर पर ही बेहतर ढंग से हो सकेगा। इन नियुक्तियों से जिले के दूर-दराज के क्षेत्रों में रहने वाले ग्रामीणों को भी बेहतर और त्वरित चिकित्सा सुविधा मिल सकेगी।


