डौंडी| क्षेत्र के वन पट्टाधारी किसानों को धान बेचने के लिए टोकन नहीं कटने से गंभीर परेशानी का सामना कर रहे हैं। कई किसान पहले ही कर्ज लेकर खेती कर चुके हैं, लेकिन टोकन नहीं कटने के कारण वे अपने रकबे के अनुसार धान का विक्रय नहीं कर पा रहे हैं। चिहरो, काकड़कसा के किसान का धान अब तक नहीं बिक पाया है। कार्यालयों के चक्कर काटने को मजबूर हैं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है। -तुलेश्वर हिचामी, डौंडी


