हनुमानगढ़ में बेबी हैप्पी मॉडर्न आयुर्वेदिक कॉलेज में आयुर्वेदिक नर्सिंग और फार्मेसी डिप्लोमा के नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत हो गई है। इस अवसर पर विद्यार्थियों को बीएससी नर्सिंग और डीएएनपी (डिप्लोमा इन आयुर्वेद नर्सिंग एंड फार्मेसी) जैसे रोजगारोन्मुखी पाठ्यक्रमों की उपयोगिता के बारे में बताया गया। कॉलेज प्रबंधन ने विद्यार्थियों को जानकारी दी कि इन पाठ्यक्रमों के माध्यम से सरकारी और निजी दोनों क्षेत्रों में व्यापक रोजगार के अवसर उपलब्ध हैं। बीएससी नर्सिंग करने वाले छात्रों को सरकारी अस्पतालों, मेडिकल कॉलेजों, पीएचसी-सीएचसी, एम्स, रेलवे, सेना और ईएसआईसी सहित केंद्र व राज्य सरकार की विभिन्न भर्तियों में अवसर मिलते हैं। वहीं, डीएएनपी कोर्स आयुर्वेदिक अस्पतालों, पंचकर्म केंद्रों, औषधि निर्माण इकाइयों, आयुष विभाग और निजी क्लीनिकों में रोजगार की मजबूत संभावनाएं प्रदान करता है। इन पाठ्यक्रमों को स्वरोजगार के क्षेत्र में भी काफी उपयोगी बताया गया। समारोह को संबोधित करते हुए डायरेक्टर तरुण विजय ने कहा कि नर्सिंग और आयुर्वेद सेवा तथा मानव कल्याण से जुड़े क्षेत्र हैं, जहां प्रशिक्षित युवाओं की मांग लगातार बढ़ रही है। चेयरमैन आशीष विजय ने बताया कि कॉलेज का उद्देश्य केवल डिग्री देना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को सरकारी सेवा और रोजगार के लिए सक्षम बनाना है। उन्होंने आधुनिक लैब, अनुभवी फैकल्टी और व्यावहारिक प्रशिक्षण को कॉलेज की प्रमुख विशेषता बताया। वाइस चेयरमैन रौनक विजय ने स्वास्थ्य क्षेत्र में कभी मंदी न आने की बात कहते हुए नर्सिंग और आयुर्वेदिक कोर्स करने वाले विद्यार्थियों के लिए देश-विदेश में अवसरों पर प्रकाश डाला। प्राचार्य डॉ. विरेंद्र चौधरी ने आयुर्वेद की वैज्ञानिक उपयोगिता पर जोर दिया और नए विद्यार्थियों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम के अंत में नए विद्यार्थियों का पारंपरिक तरीके से स्वागत किया गया।


