उदयपुर के स्वर्ण शिल्पकार विश्व रिकॉर्ड होल्डर डॉ इक़बाल सक्का ने प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ को लेकर यमुना नदी के बीच बने शिव मंदिर में भेट करने के लिए सोने के राष्ट्रीय तिरंगे झंडे के साथ कुछ कलाकृतियां बनाई है। सक्का की इच्छा है कि ये कलाकृतियां को उस मंदिर में भेंट करना चाहते है।
आस्था का प्रतीक प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ मेले में यमुना नदी के बीच बने शिव मंदिर में भेट करने के लिए सक्का ने सोने के राष्ट्रीय तिरंगे झंडे के साथ चांदी का मंदिर, सोने का शिवलिंग, सोने का त्रिशूल,सोने का चिमटा, सोने का कमंडल, सोने का नाग देवता व सोने का डमरू बनाया है। वे कहते है कि इन कलाकृतियों को लेंस की सहायता से ही देखा जा सकता है। सक्का की इच्छा है कि ये कलाकृति शिव मंदिर में भेंट करने के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र लिखकर भेंट करने का अनुरोध किया है। कई चीजे बनाई सक्का ने 12 साल की उम्र में सोने से वस्तुएं बनाना शुरू कर दी सक्का ने बताया कि उनके दादाजी के समय से सोने-चांदी का जेवर बनाने का काम कर रहे हैं। सक्का कहते है कि उनके पिता ये वस्तुएं बनाते थे तो मैं उनके पास बैठकर देखता रहता था। फिर मैंने 12 साल की उम्र में सोने से वस्तुएं बनाना शुरू कर दी। मैं छोटी वस्तुएं बनाऊं इस विचार के बाद ऐसी छोटी—छोटी चीजे बनानी शुरू की जिन्हें सिर्फ लेंस की मदद से ही देखा जा सकता है। वे कहते है कि उनके नाम गिनीज-लिम्का बुक सहित 100 विश्व रिकॉर्ड अपने नाम किए है।


