जैसलमेर में जासूसी के शक में पकड़े गए ई-मित्र संचालक का वाट्सएप पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के हेंडलर्स चला रहे थे। आरोपी ने अपनी सिम पर आए ओटीपी(OTP) पाकिस्तानी हेंडलर्स को शेयर किए और खुफिया जानकारियां भेजीं। निगरानी के बाद राजस्थान इंटेलीजेंस ने गणतंत्र दिवस समारोह से कुछ घंटे पहले 25 जनवरी की रात को जैसलमेर के पोकरण के नेडान गांव निवासी झबराराम (28) पुत्र भाणाराम को हिरासत में लिया था, जिसे आज शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया गया। जांच में सामने आया कि आरोपी को पाकिस्तानी हेंडलर्स ने पैसों का लालच भी दिया था। इसके कारण ई-मित्र संचालक ने भारतीय सेना की मूवमेंट समेत अन्य खुफिया जानकारियां साझा कीं। 3 प्वॉइंट्स में समझिए पूरा मामला
पाकिस्तान जासूसों से क्या डिमांड करता है? एक्सपर्ट के अनुसार युद्ध के समय हर छोटी से छोटी जानकारी दुश्मन देश के लिए महत्वपूर्ण होती है। जासूस सीमावर्ती क्षेत्रों में हर तरह की जानकारी पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी के एजेंटों को शेयर करते हैं। …. राजस्थान में जासूसी से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए…


