यूपी पुलिस तारीफ- प्रमोशन के लिए ‘हाफ एनकाउंटर’ कर रही:इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा- कोई कानून से ऊपर नहीं; SP-SSP जिम्मेदार होंगे

यूपी पुलिस के ‘हाफ एनकाउंटर’ तरीके पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कड़ी नाराजगी जताई है। कोर्ट ने कहा- पुलिस अधिकारी सिर्फ तारीफ, समय से पहले प्रमोशन और सोशल मीडिया पर वाहवाही के लिए अनावश्यक रूप से गोली चला रहे हैं। हाईकोर्ट ने 6 पॉइंट पर गाइडलाइंस जारी की है। जस्टिस अरुण कुमार देशवाल की बेंच ने साफ चेतावनी दी- अगर पुलिस एनकाउंटर मामलों में सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइंस का पालन नहीं हुआ तो जिले के SP, SSP और पुलिस कमिश्नर व्यक्तिगत रूप से कोर्ट की अवमानना के दोषी माने जाएंगे। कोर्ट बोला- आरोपी को सज़ा देना पुलिस का काम नहीं हाईकोर्ट ने कहा- आरोपी को सज़ा देने का अधिकार केवल न्यायपालिका के पास है, पुलिस के पास नहीं। भारत एक लोकतांत्रिक देश है और यहां कानून संविधान के अनुसार चलता है, न कि व्यक्तिगत सोच के आधार पर। कोर्ट ने यह भी कहा कि कई मामलों में पुलिस अधिकारी जानबूझकर आरोपी के घुटने के नीचे पैर में गोली मारते हैं, ताकि मामला ‘हाफ एनकाउंटर’ कहलाए और वे बहादुरी का श्रेय ले सकें। कानून की नजर में यह तरीका पूरी तरह अस्वीकार्य है। जमानत याचिका पर सुनवाई के दौरान आया आदेश
यह सख्त आदेश शुक्रवार को कोर्ट ने एक आरोपी की जमानत याचिका मंजूर करते हुए दिया। आरोपी को पुलिस एनकाउंटर में गंभीर चोटें आई थीं। कोर्ट ने पाया कि एनकाउंटर में किसी भी पुलिसकर्मी को चोट नहीं आई, जिससे हथियार इस्तेमाल करने की जरूरत और उसकी अनुपातिकता पर सवाल खड़े होते हैं। सुप्रीम कोर्ट की PUCL गाइडलाइंस की अनदेखी पर नाराज़गी हाईकोर्ट ने कहा- PUCL (पीपुल्स यूनियन फॉर सिविल लिबर्टीज) बनाम महाराष्ट्र राज्य (2014) मामले में सुप्रीम कोर्ट ने गाइडलाइंस बना रखी है। इसके बावजूद यूपी में पुलिस बार-बार इन नियमों को नजरअंदाज कर रही है। कोर्ट ने दो टूक कहा कि तारीफ़ या पुरस्कार पाने के लिए पुलिस को कानून हाथ में लेने की इजाज़त नहीं दी जा सकती। भास्कर पोल में हिस्सा लेकर अपनी राय दे सकते हैं… हाईकोर्ट की 6 सख्त गाइडलाइंस 1- FIR और जांच 2- FIR में नाम 3- मेडिकल और बयान 4- कोर्ट को रिपोर्ट 5- प्रमोशन और अवॉर्ड पर रोक पीड़ित परिवार को शिकायत का अधिकार कोर्ट का साफ संदेश अब यूपी में एनकाउंटर के आंकड़े देखिए…
8 साल में 259 अपराधियों को एनकाउंटर में ढेर किया
राज्य सरकार के अनुसार, मार्च 2017 से अक्टूबर 2025 तक यूपी पुलिस ने 259 अपराधियों को एनकाउंटर में ढेर किया है। इस दौरान 15,000 से अधिक पुलिस एनकाउंटर हुए, जिनमें 31,000 से ज्यादा अपराधी गिरफ्तार हुए और 10,000 से अधिक को गोली मारी गई। —————- ये भी पढ़ें- मंत्री स्वतंत्र देव का BJP विधायक ने रास्ता रोका:काफिले के आगे 50 गाड़ियां लगाईं, धक्का-मुक्की-बवाल; अखिलेश बोले- ये हारने वाले हैं यूपी के महोबा जिले में भाजपा विधायक बृजभूषण राजपूत और कैबिनेट मंत्री स्वतंत्र देव सिंह आपस में भिड़ गए। मंत्री एक कार्यक्रम से लौट रहे थे। शुक्रवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे विधायक ने 100 ग्राम प्रधानों के साथ मिलकर उनका रास्ता रोक लिया। 30 कार और 20 बाइकें मंत्री के काफिले के सामने खड़ी कर दी। पढ़िए पूरी खबर…

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