हिमाचल प्रदेश में बीते एक सप्ताह के दौरान भारी बारिश-बर्फबारी के बाद आज ज्यादातर भागों में अच्छी धूप खिली। इससे लोगों ने कड़ाके की सर्दी से राहत की सांस ली है। हालांकि, ऊंचे क्षेत्रों में कड़ाके की सर्दी पड़ रही है। लाहौल स्पीति के ताबो का न्यूनतम तापमान माइनस (-10.2) और कुकुमसैरी का माइनस (-9.2) डिग्री तक लुढ़क गया है। मशहूर पर्यटन स्थल मनाली में भी तापमान माइनस में है। मौसम विभाग की माने आने वाले चार दिनों के दौरान ठंड और बढ़ेगी। प्रदेश में आज रात से वेस्टर्न डिस्टरबेंस एक्टिव होगा। इससे तीन फरवरी तक पहाड़ों पर फिर से अच्छी बारिश-बर्फबारी के आसार है। खासकर एक फरवरी को पूरे प्रदेश में बारिश व बर्फबारी होगी। इस दिन सभी 12 जिलों में आंधी-तूफान का यलो अलर्ट दिया गया है। प्रदेश में 50 से 60 किलोमीटर रफ्तार से तेज हवाएं चलेगी। अधिक ऊंचे पहाड़ों पर बर्फीला तूफान भी चल सकता है। इस दौरान- अधिक ऊंचे पहाड़ों पर अच्छी बर्फबारी और निचले इलाकों में अच्छी बारिश होगी। चार फरवरी से मौमस साफ होगा। बिलासपुर-मंडी में सुबह कोहरा छाया वहीं, आज सुबह के वक्त बिलासपुर और मंडी में कोहरा छाया। मौसम विभाग के अनुसार- बिलासपुर में भाखड़ा बांध के आसपास विजिबिलिटी 50 मीटर तक और सुंदरनगर में 100 मीटर तक नीचे गिरे। हालांकि, 9 बजे के बाद यहां भी मौसम ठीक हो गया था। बीते एक सप्ताह में सामान्य से 270% ज्यादा बरसे बादल प्रदेश में बीते एक सप्ताह के दौरान नॉर्मल से 270 प्रतिशत अधिक बादल बरसे है। मौसम विभाग के अनुसार- राज्य में 22 से 29 जनवरी के बीच 25.1 मिलीमीटर सामान्य बारिश होती है, लेकिन इस बार 94.9 मिलीमीटर बादल बरस चुके हैे। इस दौरान ऊना जिला में सामान्य की तुलना में 741 फीसदी अधिक बारिश हुई। बिलासपुर में सामान्य से 376 प्रतिशत ज्यादा बारिश, चंबा में 112%, हमीरपुर में 567%, कांगड़ा में 364%, किन्नौर में 52%, कुल्लू में 396%, लाहौल स्पीति में 331%, मंडी में 303%, शिमला में 274%, सिरमौर में 460% और सोलन नॉर्मल से 437% ज्यादा बारिश हुई है। वहीं 12 अक्टूबर से 22 जनवरी के बीच सामान्य से 95 प्रतिशत कम बारिश-बर्फबारी हुई थी। राज्य में 23 जनवरी को 100 दिन से भी ज्यादा का ड्राइ स्पेल टूटा है। इसके बाद निरंतर अच्छी बारिश-बर्फबारी हो रही है। 530 सड़कें अभी भी बंद वहीं प्रदेश में बीते 27 जनवरी की भारी बर्फबारी के कारण 530 से और 1500 से ज्यादा बिजली के ट्रांसफॉर्मर ठप पड़े हुए है। इससे लोगों की आवाजाही प्रभावित हो रही है। राहत की बात यह है कि बीते दो दिनों के दौरान प्रदेश में धूप खिली है। इससे सड़क, बिजली और पानी की बहाली के काम में तेजी आई है। 500 से ज्यादा सड़कें और 5000 से ज्यादा ट्रांसफार्मर से विद्युत आपूर्ति बहाल हुई है।


