जोधपुर कमिश्नरेट के भगत की कोठी थाने के हिस्ट्रीशीटर राहुल गुर्जर को दो चोरी के मामलों में कठोर कारावास की सजा सुनाई गई है। हर मामले में 5-5 साल की सजा के साथ 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया। यह फैसला केस ऑफिसर स्कीम के तहत आया, जहां सहायक लोक अभियोजक आनंद व्यास और कोर्ट पैरोकार सुखराम की विशेष भूमिका रही। पुलिस उपायुक्त पश्चिम विनीत कुमार बंसल ने आरोपी के खिलाफ दर्ज मामलों को केस ऑफिसर स्कीम में शामिल किया। भगत की कोठी थानाधिकारी को केस ऑफिसर बनाया गया, और लोक अभियोजक की मदद से मजबूत पैरवी की गई। थाने के पैरोकार ने सभी गवाहों और साक्ष्यों को समय पर कोर्ट में पेश किया। नतीजतन, 27 जनवरी को अदालत ने दोनों मामलों में राहुल गुर्जर को दोषी ठहराते हुए सजा सुना दी। इन मामलों में हुई सजा 1. 6 दिसंबर 2021 को कमलेश ने भगत की कोठी थाने में शिकायत दर्ज कराई कि रात में कोई अज्ञात व्यक्ति उनके घर से सोने की चेन और 50 हजार रुपये नकद चुराकर फरार हो गया। केस नंबर 26/2021 धारा 454, 380 IPC के तहत दर्ज हुआ और जांच शुरू की गई। 2. पुलिस थाना भगत की कोठी में 4 अगस्त 2023 को जयसिंह मेवाड़ा ने रिपोर्ट की कि कोई अज्ञात शख्स उनकी पैंट की जेब से 12 हजार रुपये चुरा ले गया। केस नंबर 190/2023 धारा 457, 380 IPC के तहत दर्ज कर जांच शुरू की गई। सीसीटीवी फुटेज से की पहचान पुलिस ने मामले में तुरंत कार्रवाई करते हुए सीसीटीवी फुटेज से आरोपी की पहचान की। राहुल गुर्जर (24), पुत्र बाबूलाल, निवासी देवनारायण मंन्दिर की प्रथम गली भगत की कोठी, जोधपुर को गिरफ्तार किया गया। उसे न्यायिक हिरासत में भेजा गया और समय पर चालान ACJM (CBI Cases) जोधपुर महानगर कोर्ट में पेश किया। मजबूत पैरवी से आरोपी को सजा मिली। आरोपी को सजा दिलाने वाली टीम में भगत की कोठी थानाधिकारी राजीव भादू (आरपीएस) , आनन्द व्यास, सहायक लोक अभियोजक अधिकारी कोर्ट, एसीजेएम (सीबीआई कैसेज) जोधपुर महानगर और कोर्ट पैरोकार सुखराम शामिल रहे।


