सतना जिले के रैगांव विधानसभा क्षेत्र के ग्राम ललचहा स्थित एक आंगनबाड़ी केंद्र से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक मासूम बच्ची से बर्तन धुलवाए जाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। इस घटना ने महिला बाल विकास विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। वायरल वीडियो में स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि आंगनबाड़ी केंद्र की सहायिका पास में बैठी हुई है, जबकि एक छोटी बच्ची बर्तन साफ करने में जुटी है। यह वीडियो नागौद परियोजना क्रमांक-1 के तहत खखरौंधा ग्राम पंचायत के आंगनबाड़ी केंद्र ललचहा का बताया गया है। केंद्र में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता राधा रजक और सहायिका अंजना लोधी पदस्थ हैं। नागौद क्रमांक-1 के परियोजना अधिकारी (सीडीपीओ) इंद्रभूषण तिवारी ने इस मामले पर संज्ञान लिया है। उन्होंने बताया कि वायरल वीडियो की जांच कराई जाएगी और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। महिला बाल विकास अधिकारी राजीव सिंह ने इस घटना को गंभीर बताया। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों द्वारा उपयोग किए जाने वाले बर्तनों को धोने की जिम्मेदारी सहायिकाओं की होती है। यदि किसी छात्रा से बर्तन धुलवाए गए हैं, तो यह एक गंभीर उल्लंघन है और जांच के बाद दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। आंगनबाड़ी केंद्रों का मुख्य उद्देश्य बच्चों को पोषण आहार, प्राथमिक शिक्षा और उचित देखभाल प्रदान करना है, ताकि उनके शारीरिक और मानसिक विकास को बढ़ावा मिल सके। बच्चों से किसी भी प्रकार का श्रम कराना न केवल नियमों के खिलाफ है, बल्कि बाल अधिकारों का भी उल्लंघन है और कानूनन अपराध माना जाता है।


