श्री आनंदपुर साहिब। विधानसभा हलका श्री आनंदपुर साहिब से िजला भाजपा के मुख्य प्रवक्ता बलराम पराशर ने आज नई दिल्ली स्थित संसद भवन में घटित दुर्भाग्यपूर्ण घटना को लेकर बयान जारी किया। बलराम पराशर ने कहा कि भाजपा ने हमेशा पंजाब और सिख जगत को सिर का ताज समझा है तथा सिख समाज के प्रति गहरी श्रद्धा रखी है। भारतीय इतिहास में पहली बार भाजपा सरकार द्वारा संसद में गुरु साहिब के साहिबज़ादों को श्रद्धांजलि अर्पित की, जो सिख पंथ के प्रति सम्मान का प्रतीक है। उन्होंने आरोप लगाया कि आज़ादी के बाद नेहरू और गांधी परिवार की सरकारों के दौरान ‘फूट डालो और राज करो’ की नीति अपनाई गई, जिसके चलते सिख पंथ को लंबे समय तक उपेक्षित रखा गया। पीएम मोदी के नेतृत्व में सरकार द्वारा पवित्र गुरु घर ननकाना साहिब तक संगतों के लिए रास्ता खोला गया, जो सिख समुदाय के लिए ऐतिहासिक कदम है। पराशर ने राहुल गांधी से कड़े शब्दों में कहा कि लोकतंत्र में पार्टी बदलना कोई अपराध नहीं है और अब तक हजारों नेता विभिन्न कारणों से अपनी पार्टियां बदल चुके हैं। केवल पार्टी बदलने के आधार पर किसी दस्तारधारी केंद्रीय मंत्री को ग़द्दार कहना पूरी तरह अनुचित और अस्वीकार्य है। अंत में बलराम पराशर ने कहा कि भाजपा के एक कर्मठ कार्यकर्ता, सेवक होने के नाते वह राहुल गांधी के इस बयान की कड़े शब्दों में निंदा करते हैं। उन्होंने मांग की कि राहुल गांधी अपने इस बयान के लिए पूरे सिख पंथ से सार्वजनिक रूप से माफी मांगें।


