पन्ना टाइगर रिजर्व (PTR) में बाघों की बढ़ती संख्या के कारण अब ये वन्यजीव अक्सर जंगल की सीमा लांघकर सड़कों पर दिखाई देने लगे हैं। ऐसा ही एक मामला 6 फरवरी को मझगवां-पन्ना मार्ग पर सामने आया, जहां एक विशालकाय बाघ सड़क के बीचों-बीच आराम करता दिखा। वह इतने आराम से बैठा रहा जैसे बता रहा हो ये मेरा इलाका है। सड़क पर बाघ को देखते ही राहगीरों के वाहन रुक गए। वाहनों के पहिए थमने से सड़क के दोनों ओर लंबी कतारें लग गईं। बाघ सड़क के बीच में आराम से बैठा रहा और उसे वहां मौजूद लोगों या वाहनों के शोर से कोई फर्क नहीं पड़ा। लोग अपनी गाड़ियों के अंदर से ही इस दृश्य को देखते रहे। इस घटना का वीडियो किसी राहगीर ने अपने मोबाइल कैमरे में रिकॉर्ड कर लिया, जो बाद में सामने आया। वीडियो में स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि बाघ सड़क के बीचों-बीच बैठा है। कुछ देर बाद बाघ उठा और जंगल की ओर चला गया। बाघ के जाने के बाद ही यातायात सामान्य हो सका और राहगीरों ने आगे बढ़ना शुरू किया। सुरक्षित दूरी बनाकर रखें वन्यजीव विशेषज्ञों के अनुसार, पन्ना टाइगर रिजर्व में बाघों के सफल पुनर्स्थापन के बाद उनकी संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। अपने क्षेत्र (टेरिटरी) के विस्तार के कारण बाघ अब बफर जोन और उससे लगे रिहायशी इलाकों की ओर भी आ रहे हैं। वन विभाग ने पर्यटकों और राहगीरों से ऐसी स्थिति में वाहनों से बाहर न निकलने और वन्यजीवों को सुरक्षित दूरी से रास्ता देने की अपील की है।


