राजस्थान हाईकोर्ट जाते समय आज महिला अधिवक्ता और महिला सीआई के बीच कहासुनी हो गई। जिसके बाद सीआई ने वकील का 10 हजार रुपए का चालान काट दिया। घटना का विरोध करते हुए वकीलों ने हाईकोर्ट के बाहर जाम लगा दिया। मौके पर पहुंचे पुलिस के उच्चाधिकारियों ने चालान माफ करने और मामले की निष्पक्ष जांच करने का आश्वासन दिया, जिसके बाद वकीलों ने जाम खोला। वकील सोनिया गिल ने बताया कि वह सर्विस लेन से कालवाड़ रोड़ पर आ रही थी। जहां सीआई कविता शर्मा ने अन्य वाहनों को भी रोका हुआ था। उन्होने मेरी कार को भी रोका और कहा कि आप रॉग साइड आ रहे हो। मैने उनसे कहा कि नेशनल हाइवे के नियमों के तहत सर्विस लेन पर दोनों तरफ के वाहन चल सकते हैं। मैने उन्हें बताया कि हाईकोर्ट में मेरे केस लगे है, मुझे समय पर कोर्ट पहुंचना हैं। लेकिन उन्होने मुझसे कहा कि मैने भी वकालत कर रखी है, मुझे मत समझाओ। जबरन कार में बैठकर चौकी ले गई
अधिवक्ता सोनिया गिल ने कहा कि मेरी इस बात पर आम जनता भी मेरी तरफ बोलने लगी। इसके बाद सीआई जबरन मेरी कार में बैठ गई और मुझे कालवाड़ पुलिस चौकी ले गई। वहां जाने के बाद उन्होने मेरे पास लाइसेंस नहीं होने और कार की नंबर प्लेट सही नहीं होने का 5-5 हजार रुपए का चालान काट दिया। जबकि मैने उन्हें लाइसेंस और कार की आरसी दिखा दी थी। उन्होने कहा कि सीआई ने मुझे रॉग साइड आने पर रोका था। लेकिन यातायात नियमों में सर्विस लेन पर रॉग साइड का कोई चालान नही है। ऐसे में सीआई ने इसका चालान काटा ही नहीं। उन्होने कहा कि इस पूरे घटनाक्रम में करीब मेरे 45 मिनट खराब हो गए। जिससे मैं कोर्ट समय पर नहीं पहुंच सकी। किरोड़ीलाल मीणा से भी हो चुकी है कहासुनी
महिला अधिवक्ता ने कोर्ट पहुंचकर पूरा घटनाक्रम अन्य साथी अधिवक्ताओं को बताया। जिसके बाद गुस्साएं अधिवक्ताओं ने हाईकोर्ट के बाहर जाम लगा दिया। जिससे कुछ समय के लिए अंबेडकर सर्किल से स्टेच्यू सर्किल पर ट्रैफिक बाधित हो गया। मौके पर पहुंचे पुलिस उच्चाधिकारियों ने समझाइश करके जाम खुलवाया। अधिवक्ता शेर सिंह महला और अन्य वकीलों ने कहा कि सीआई कविता शर्मा पहले भी विवादित रही हैं। महेश नगर सीआई रहते समय कैबिनेट मंत्री किरोड़ीलाल मीणा से भी उनकी कहासुनी हो गई थी।


