कोटपूतली बहरोड़ में अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ ने आज जिला मुख्यालय पर ‘सद्बुद्धि यज्ञ’ का आयोजन किया। यह यज्ञ महासंघ के प्रदेशव्यापी आह्वान पर किया गया, जिसमें पदाधिकारियों और कर्मचारियों ने भाग लिया। इसके माध्यम से राज्य सरकार से आगामी बजट में सात सूत्रीय मांग पत्र के समाधान की गुहार लगाई गई। एक वर्ष से कर रहे संघर्ष-बाबूलाल गुर्जर महासंघ के जिला संयोजक बाबूलाल गुर्जर ने बताया कि कर्मचारी संगठन पिछले एक वर्ष से अपनी मांगों को लेकर लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह ‘सद्बुद्धि यज्ञ’ सरकार को कर्मचारियों की जायज मांगों को आगामी बजट में प्राथमिकता से शामिल करने की प्रेरणा देने के उद्देश्य से किया गया है। महासंघ की प्रमुख मांगों में 8, 16, 24 और 32 वर्ष की सेवा पर चयनित वेतनमान (ACP) लागू करना और केंद्र के समान पे-लेवल स्वीकृत करना शामिल है। इसके अतिरिक्त, पुरानी पेंशन योजना (OPS) की सुरक्षा सुनिश्चित करने, PFRDA कानून रद्द कर कर्मचारियों की 53,000 करोड़ रुपए की राशि वापस लेने की मांग भी की गई। अन्य मांगों में संविदा एवं मानदेय कार्मिकों का नियमितीकरण, पारदर्शी स्थानांतरण नीति लागू करना, तृतीय श्रेणी शिक्षकों के तबादले करना और विभिन्न विभागों, निगमों एवं बोर्डों के निजीकरण पर रोक लगाना शामिल है। महासंघ ने आठवें वेतन आयोग की सिफारिशें समय पर लागू करने तथा बढ़ती बेरोजगारी और महंगाई पर नियंत्रण की भी मांग की है। 12 फरवरी को प्रदेशव्यापी हड़ताल महासंघ ने 12 फरवरी 2026 को केंद्रीय ट्रेड यूनियनों और मजदूर संगठनों के समर्थन में एक दिवसीय प्रदेशव्यापी हड़ताल का आह्वान किया है। जिला अध्यक्ष ने कोटपूतली बहरोड़ जिले के समस्त शिक्षकों और कर्मचारियों से इस हड़ताल को सफल बनाने की अपील की है। इस दिन सभी कर्मचारी व्यक्तिगत आकस्मिक अवकाश (CL) लेकर हड़ताल में शामिल होंगे। ये रहे मौजूद इस अवसर पर दिनेश शर्मा, विक्रम चनेजा, रामकुमार यादव, प्रताप सिंह सैनी, रामावतार गुर्जर, ओमप्रकाश यादव, फौजी बुद्धराम कसाना, ख्याली राम यादव, कमलेश यादव, मुकेश कुमार रावत और रामशरण गुर्जर सहित विभिन्न संगठनों के कई पदाधिकारी उपस्थित रहे।


