भास्कर न्यूज | पोलमी ग्राम सिंघारी में आयोजित पांच दिवसीय अखंड नवधा रामायण महोत्सव इन दिनों पूरे क्षेत्र में आध्यात्मिक चेतना का केंद्र बना हुआ है। आयोजन के तीसरे दिन शिव शंकर मानस मंडली शिवपुर पोलमी (भंगीटोला) के बाल कलाकारों ने भक्तिमयी प्रस्तुति दी। इससे पूरा पांडाल जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा। आमतौर पर श्रीराम चरितमानस का सस्वर पाठ, भाव और व्याख्या वर्षों के अभ्यास से आती है। लेकिन शिवपुर पोलमी के इन नन्हे कलाकारों ने अपनी प्रस्तुति से बता दिया कि भक्ति की कोई उम्र नहीं होती। बहुत कम उम्र में भगवान श्रीराम के चरित्र का सजीव गायन कर इन बच्चों ने श्रोताओं को भाव-विभोर कर दिया। महोत्सव में लगभग 8 मानस मंडलियों ने अपनी प्रस्तुतियां दीं। लेकिन शिव शंकर मानस मंडली अपनी सधी हुई गायकी, तालमेल और अनुशासन के कारण विशेष आकर्षण का केंद्र बनी रही। भक्ति में डूबा जनमानस: जैसे-जैसे चौपाइयों और भजनों की गति तेज होती गई, वैसे-वैसे पूरा पांडाल भक्ति रस में डूबता चला गया। बच्चे, महिलाएं और बुजुर्ग सभी श्रद्धा में झूमते नजर आए। आयोजन समिति ने भी बाल कलाकारों की प्रतिभा की सराहना की है। मंडली में हर कलाकार की अलग भूमिका तय की है शिव शंकर मानस मंडली की प्रस्तुति में हर कलाकार की भूमिका अहम रही। कथा वाचक आशाराम शिव ने अपनी ओजस्वी वाणी से रामकथा को जीवंत किया। गायन पक्ष में स्वागत राम शिव, शिवम शिव, नन्ही गायिका हर्षिता शिव और नैन्शी शिव की मधुर आवाज ने वातावरण को भक्तिमय बना दिया। वादन पक्ष में तबले पर देवाशिष शिव, शुभम शिव, निहाल गढ़ेवाल ने साथ दिया। सुर, ताल और लय का ऐसा संगम बना कि हर श्रोता मंत्रमुग्ध हो गया। बड़ी संख्या में श्रोताबंधु कार्यक्रम में मौजूद रहे।


