छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में मंगलवार को शहीद कर्नल विप्लव त्रिपाठी मिनी स्टेडियम में महिला-बाल विकास विभाग की ओर से सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन किया जा रहा है। इस आयोजन में जिले के 190 जोड़े एक-दूसरे का हाथ थामकर नए जीवन की शुरुआत करेंगे। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय वर्चुअल माध्यम से शामिल होकर नव-दंपत्तियों को आशीर्वाद देंगे। सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी के मार्गदर्शन में किया जा रहा है। जिला कार्यक्रम अधिकारी एलआर कच्छप ने बताया कि जिले की कई बाल विकास परियोजनाओं से चयनित जोड़े इस कार्यक्रम में शामिल होंगे। जिले को मिला था 300 जोड़ों का लक्ष्य रायगढ़ जिले को इस साल 300 जोड़ों के विवाह का लक्ष्य प्राप्त हुआ था, जिसमें से 110 जोड़ों का विवाह पहले ही संपन्न कराया जा चुका है। वहीं 10 फरवरी (मंगलवार) को आयोजित इस समारोह में शेष 190 जोड़ों के विवाह के साथ यह लक्ष्य पूर्ण किया जाएगा। नववधु को मिलती है 50 हजार की सहायता योजना के तहत प्रत्येक नववधु को 50 हजार रुपए की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। इसमें 35 हजार रुपए चेक और बैंक ड्राफ्ट के माध्यम से सीधे कन्या को दिए जाते हैं। 7 हजार रुपए वर-वधु के परिधान और श्रृंगार सामग्री पर खर्च किए जाते हैं। 8 हजार रुपए विवाह समारोह आयोजन पर व्यय किए जाते हैं। योजना का उद्देश्य फिजूलखर्च और बाल विवाह पर रोक डीपीओ एलआर कच्छप ने बताया कि इस योजना का लाभ गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाले तथा मुख्यमंत्री खाद्यान्न योजना के पात्र परिवारों को दिया जाता है। योजना का लाभ लेने के लिए कन्या का छत्तीसगढ़ निवासी होना और प्रथम विवाह होना अनिवार्य है। मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना का मुख्य उद्देश्य समाज में फिजूलखर्च पर रोक, बाल विवाह जैसी कुप्रथाओं पर अंकुश लगाना और गरीब परिवारों की बेटियों की विदाई सम्मान के साथ करना है।


