धनबाद में रिकवरी एजेंट मर्डर केस:कान के पीछे कैंची घोंपी, गंड़ासे से अंदर तक ठोक दिया, घर में गाने बजा कर चीखें दबाई

धनबाद में पीएनबी के रिकवरी एजेंट अमित कुमार मित्तल को तड़पा-तड़पाकर मारा गया था। हत्यारे ने उसे जख्मी करने के बाद भी करीब घंटेभर जिंदा रखा था। अमित जान की भीख मांगता रहा, पर हत्यारा रह-रह कर उसके शरीर पर वार करता रहा। आखिर में बेहोश हो जाने पर कान के पीछे कैंची घोंपकर उसे गंड़ासे से अंदर ठोंक दिया। ये बातें खुद हत्यारोपी विकास खंडेलवाल ने पुलिस के सामने स्वीकारोक्ति बयान में बताईं। अमित का शव रविवार को विकास घर से मिला था। उसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया था। डीएसपी लॉ एंड ऑर्डर नौशाद आलम और थाना प्रभारी मनोज पांडेय ने धनबाद थाने में बताया कि पूछताछ में विकास ने जुर्म कबूल कर लिया। कहा कि अकेले ही हत्या की थी। शव को ठिकाने लगाने की फिराक में था, पर पकड़ा गया। विकास को पूछताछ के बाद कोर्ट में पेश करते हुए जेल भेज दिया। चीखें बाहर न जाएं, इसलिए साउंड बजाए 7 फरवरी को दिन के 11:30 बजे अमित घर आया। सोफ पर बैठकर दोनों घंटेभर बातचीत करते रहे। अमित उठकर जाने लगा, तो विकास ने सोफे के पीछे छिपाकर रखे गए गंड़ासे से उसकी गर्दन के पीछे 3-4 वार कर दिए। अमित गिर पड़ा। दरवाजा बंद कर विकास तेज आवाज में साउंड बॉक्स बजाने लगा। बतियाते हुए अमित की गर्दन, कलाई, उंगली समेत शरीर के विभिन्न हिस्सों में वार करता रहा। तड़पते हुए अमित कहता रहा- वह जो भी कहेगा, कर देगा। जब बेहोश हो गया तो विकास ने घर में रखी कैंची को अमित के दाहिने कान के पीछे गंड़ासे से ठोंक दिया। धीरे-धीरे उसकी सांसें थम गईं। विकास ने उसे रस्सी से बांधकर किचन में फ्रिज के पीछे छिपा दिया। फर्श पर बिखरा खून पायदान से पोछ दिया। गंड़ासे व खून लगी जींस को छत पर छिपा दिया। अमित की बाइक से रविवार को कोलाकुसमा रोड गया। बाइक वहीं खड़ी कर चाबी व अमित का मोबाइल फोन झाड़ी में फेंक दिया। लौट कर घर आया, तो पुलिस आ गई। सख्ती से पूछताछ करने में घबराकर अपना जुर्म कबूल लिया। 1.04 करोड़ का लोन हो गया था एनपीए विकास खंडेलवाल ने पुलिस की पूछताछ में बताया कि साल 2019 में पंजाब नेशनल बैंक से 1.04 करोड़ रुपए लोन लेकर बलियापुर में आटा मिल खोली थी। कोरोनाकाल में किस्तें नहीं जमा करने पर लोन एनपीए हो गया। साल 2023 में फिर से मिल शुरू की, तो अमित लिखवाकर ले गया कि वह संपत्ति बैंक की है। विकास के मुताबिक, अमित ने बिना उसे बताए 40 लाख रुपए में मिल को नीलाम कर दिया। बाद में पता चला कि उसने 10 लाख रुपए कमीशन लिए थे। 4 माह बाद वह फिर आया। कहा कि अब उसके दोनों घर भी नीलाम होंगे। यह सुन विकास तिलमिला गया। उसने तय कर लिया कि अमित को मार डालेगा। 7 फरवरी की सुबह पत्नी को बेटे के साथ भूली भेज दिया और अमित को बुलाकर मार डाला।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *