भ्रष्टाचार दबाने के लिए फाइलों को बनाया बंधक नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने झारखंड के खजाने से कथित रूप से 10,000 करोड़ रुपए गायब होने के मामले में सवाल उठाया है। उन्होंने कहा कि वित्त मंत्री द्वारा इस राशि का हिसाब मांगने पर भी कोई विभाग जवाब देने को तैयार नहीं है। वित्त मंत्री द्वारा अधिकारियों को इस मामले में बैठक बुलाने के निर्देश दिए जाते हैं, पर अधिकारी न तो बैठक करते हैं और न ही मंत्री को जवाब देते हैं। मरांडी ने कहा कि सरकारी खजाने से पैसा निकाला जा रहा है, लेकिन वह पैसा कहां खर्च हुआ, इसका लेखा-जोखा किसी के पास नहीं है। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि दोषियों को सजा दिलाने के लिए हर स्तर पर संघर्ष करेंगे। पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने आरोप लगाया कि झारखंड के शराब घोटाला में भ्रष्टाचार को दबाने के लिए जांच के नाम पर फाइलों को ही सरकार बंधक बना ले रही है। उन्होंने कहा कि महालेखाकार (एजी) की ऑडिट टीम जब घोटाले का हिसाब और फाइलें मांगती है, तो आबकारी विभाग तर्क देता है कि फाइलें एसीबी ले गई है।


