नकली दवाओं से जुड़े एक गंभीर प्रकरण में लापरवाही और आचरण नियमों के उल्लंघन के आरोप में सहायक औषधि नियंत्रक संजय कुमार नेताम को राज्य शासन ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। आरोप है कि श्री नेताम ने कार्यालयीन समय के दौरान आरोपितों के साथ सार्वजनिक स्थान पर बैठक की और प्रकरण से जुड़ी फाइल भी दिखाई। आरोपियों के साथ कैफे में हुई थी बैठक नियंत्रक कार्यालय उपसंचालक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन, जिला रायपुर की जांच में पाया गया कि सारंगढ़ निवासी खेमराज बानी और उनकी पत्नी, जो नकली दवाओं के मामले में आरोपित हैं, उनके साथ मोतीबाग स्थित टेन कैफे (कॉफी हाउस) में दोपहर करीब ढाई बजे बैठक की गई। यह बैठक कार्यालयीन समय में हुई और संबंधित फाइल भी दिखाई गई। यह मामला दैनिक समाचार पत्रों में प्रकाशित होने और न्यूज चैनलों में प्रसारित होने के बाद शासन के संज्ञान में आया। आचरण नियमों का उल्लंघन जांच में यह कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा आचरण नियम, 1965 का उल्लंघन पाया गया। इसके बाद राज्य शासन ने छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम, 1966 के नियम 9(1)(क) के तहत श्री नेताम को निलंबित करने का आदेश जारी किया। निलंबन अवधि में मुख्यालय नवा रायपुर निलंबन अवधि के दौरान संजय कुमार नेताम का मुख्यालय कार्यालय नियंत्रक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन, नवा रायपुर अटल नगर निर्धारित किया गया है। सक्षम अधिकारी की अनुमति के बिना वे मुख्यालय नहीं छोड़ सकेंगे। निलंबन अवधि में नेताम को मूलभूत नियम-53 के अंतर्गत नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता की पात्रता होगी।


