मिर्जापुर स्थित जयगुरुदेव आश्रम में चल रहे तीन दिवसीय स्थापना दिवस महोत्सव के दूसरे दिन हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं का जमावड़ा देखने को मिला। विभिन्न राज्यों से आए प्रवचनकारों ने गुरु भक्ति और उनके सिद्धांतों पर प्रकाश डाला। सूरत से आए गोपाल सोनवणे, जलगांव की अर्चना ताई, राजस्थान के दीपक शर्मा, ग्वालियर के जगदीश राठौर और सौराष्ट्र के मंसूर अली ने अपने प्रवचनों में गुरुदेव के संदेशों को साझा किया। प्रवचनकारों ने बताया कि गुरुदेव ने कभी किसी को चेला या शिष्य नहीं कहा, बल्कि हमेशा प्रेमी कहकर संबोधित किया। अनिष्ट से बचाती है सद्गुरु के चरणों की सेवा कार्यक्रम में प्रवचनकारों ने कहा कि सद्गुरु के चरणों की सेवा हर प्रकार के अनिष्ट से बचाती है। उन्होंने जोर देकर कहा कि कलियुग में गुरु के आदेशों का पालन करना ही सच्ची गुरु भक्ति है। भक्तों ने सुबह से शाम तक दर्शन, पूजन और ध्यान के साथ-साथ सेवा कार्य में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। नवनिर्मित भोजन शाला में महिलाओं ने प्रसाद वितरण की व्यवस्था संभाली। महोत्सव का समापन कल होगा, जिसमें शाकाहार और सदाचार का संदेश देने वाली रैली निकाली जाएगी। गुरुदेव की फूलों से सुसज्जित कुटिया जय गुरूदेव आश्रम अध्यक्ष चतरसिंह राजावत, छोटेलाल जायसवाल एवं मोहन सलवारिया ने बताया कि सुबह जहां गुरुदेव की फूलों से सुसज्जित कुटिया पर दर्शन-पूजन का कार्यक्रम हुआ तो वहीं दुसरी तरफ प्रवचनकार बाबा के जयगुरुदेव के वचनों व संदेशों पर अनुयायियों को संबोधित कर रहे थे। गुरू मंदिर में भी बड़ी संख्या में भक्तों ने दर्शन व पूजन कर उस दृश्य को भी अपने मोबाइल में कैद किया। दोपहर 11 बजे प्रवचनों के पश्चात गुरू भक्तों द्वारा नवनिर्मित भोजनशाला में प्रसादी की व्यवस्था की गई। 1400 स्के. फीट में बनी भोजशाला की बनावट देखते ही बनती है। भोजन शाला के चारों तरफ बाबा जयगुरुदेव के संदेशों के पोस्टर लगाए गए हैं साथ ही गुरू भक्तों को थाली में झूठन नहीं छोडऩे का संदेश भी यहां लगाया गया है। इसी के साथ दूसरे दिन भी भोजनशाला में महिलाओं ने गुरु भक्तों को प्रसादी परोसी। प्रसादी के साथ सेवादार थाली में झूठन नहीं छोडऩे का आग्रह भी अनुयायियों से करते नजर आए। तीन दिवसीय स्थापना महोत्सव में 125 से अधिक सेवादार यहां सेवाएं दे रहे हैं। जिसमें 50 महिला सेवादार भी शामिल है। प्रसादी बनाने, परोसने के साथ ही थाली साफ करने में महिला सेवादार जयगुरुदेव आश्रम पर तीन दिवसीय महोत्सव में गुरु भक्तों द्वारा आश्रम पर अपनी अलग-अलग सेवाएं दे रहे हैं। कोई सेवादार जूते-चप्पल स्टैंड पर हैं तो कोई वाहन की पार्किंग में अपनी सेवा दे रहा है। तीन दिनों तक चलने वाली भोजन प्रसादी की व्यवस्था महिला सेवादारों ने संभाल रखी है। प्रसादी बनाने व परोसने के साथ ही सेवादार महिलाओं द्वारा गुरू भक्तों की थाली भी साफ कर रही हैं। वहीं सेवादार महिलाओं द्वारा थाली में झूठन नहीं छोड़ने का आग्रह भी अनुयायियों से किया जा रहा है।आज निकलेगी शाकाहार-सदाचार की रैलीजय गुरूदेव आश्रम अध्यक्ष चतरसिंह राजावत ने बताया कि रविवार 16 फरवरी को सुबह 8 से 11 बजे तक सभी अनुयायियों द्वारा ध्यान, सुमिरन एवं भजन के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे एवं आश्रम सहित ग्रामीण क्षेत्रों में शाकाहार-सदाचार की रैली आश्रम से निकलेगी। रैली के दौरान सभी अनुयायी ग्रामीणों से शाकाहार अपनाने एवं मांस-मदिरा जैसे बुरे व्यसनों का त्याग कर शाकाहार अपनाने का आग्रह करेंगे।


