सरगुजा जिले में SECL के अमेरा खदान में घुसकर संगठित कोयला चोरी करने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 21 ग्रामीणों को गिरफ्तार किया है। ग्रामीणों के कब्जे से 1.5 टन कोयला, 19 बाइक एवं साइकिलें बरामद की है। पुलिस की टीम जब खदान क्षेत्र में पहुंची तो बड़ी संख्या में खदान में घुसे ग्रामीण भाग निकले। खदान के अलावे नदियों के मुहानों पर कोयला उत्खनन के लिए खोदे गए गड्ढों को भी पुलिस ने जेसीबी से पटवा दिया है। SECL के अमेरा कोयला खदान में कई दिनों से करीब 300 से 400 की संख्या में ग्रामीण रोज घुसकर संगठित रूप से कोयला चोरी कर रहे थे। ग्रामीणों द्वारा बोरों में भरकर कोयला बाहर निकाला जाता है। उन्हें रोकने पर सुरक्षा कर्मियों से गाली-गलौज भी की जाती है। मामले का वीडियो भी सोशल मीडिया में वायरल हो रहा था। पुलिस पहुंची तो मची अफरातफरी, 21 गिरफ्तार
रोज कई टन कोयला चोरी होने से SECL को लाखों का नुकसान उठाना पड़ रहा था। SECL विश्रामपुर के जीएम डा. संजय सिंह ने सरगुजा SSP राजेश कुमार अग्रवाल को जानकारी देकर कार्रवाई की मांग की थी।गुरुवार को SDOP तुल सिंह पट्टावी एवं थाना प्रभारी लखनपुर संपत पोटाई के नेतृत्व में पुलिस टीम जवानों के साथ अमेरा पहुंची। पुलिस टीम को देखकर कोयला चोरी करने घुसे ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीण इधर-उधर भागने लगे। बाइक एवं साइकिलों में कोयला लोड कर चुके ग्रामीण नहीं भाग सके, जिन्हें पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने पन्डरू राजवाड़े, धनेश्वर राजवाडे, सपुरन, भीन्गल राम, राजेन्द्र प्रसाद, रामदेव, अनीष राजवाड़े, सोनसाय, जगेश्वर, सुखसाय, चमरू सहित 21 ग्रामीणों को गिरफ्तार किया है। ग्रामीणों के पास से डेढ़ टन कोयला, 13 साइकिलें एवं 19 बाइक जब्त की गई है। सभी के खिलाफ धारा 329(3), 303(2), 112(2) बी. एन. एस. का अपराध दर्ज किया गया है। अवैध खदानों को पुलिस ने पटवाया अमेरा खदान के अलावे पुलिस ने अवैध रुप से कोयला निकालने के लिए नदियों के किनारे खोदे गए गड्ढों को भी जेसीबी से भरवाया। ग्रामीणों द्वारा गड्ढे खोदकर कोयला निकाला जा रहा था। यह कोयला आसपास के ईंट भट्ठों में खपाया जा रहा था।सरगुजा ASP अमोलक सिंह ने कहा कि भविष्य में कोयला चोरी की शिकायत मिलती है तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।


