भास्कर न्यूज | रायगढ़ जिंदल स्टील प्लांट पतरापाली में काम के दौरान क्रेन ऑपरेटर अनुराग कश्यप की बुधवार शाम हार्ट अटैक से मौत हो गई। अचानक सीने में दर्द उठने के बाद वह बेहोश हो गया। साथी कर्मचारियों ने उसे एंबुलेंस से हॉस्पिटल पहुंचाया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के बाद परिजन और साथी कर्मचारियों ने मुआवजा की मांग को लेकर मुख्य गेट पर चक्काजाम कर दिया। दो घंटे के विरोध के बाद मुआवजा और पेंशन के आश्वासन पर चक्काजाम खत्म हुआ। अनुराग सक्ती जिले का रहने वाला था और रायगढ़ में किराए के मकान में रहकर जिंदल के प्लेट मिल में क्रेन ऑपरेटर था। परिजनों ने कहा कि वह पिछले सात साल से ठेकेदार के अधीन काम कर रहा था। उन पर काम का दबाव अधिक था, इसी कारण उसकी मौत हुई। जानकारी मिलते ही प्लांट प्रबंधन और कोतरा रोड पुलिस मौके पर पहुंची। घटना की जानकारी के बाद परिजन रात में ही विरोध पर बैठ गए। प्लांट प्रबंधन ने लोगों को अंदर जाने से रोक दिया। सुबह फिर से प्रदर्शन शुरू हुआ। कोतरा रोड पुलिस मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी मोहन भारद्धाज ने बताया कि मुआवजा मांग को लेकर चक्काजाम हुआ था। प्लांट प्रबंधन के हस्तक्षेप और मुआवजा देने की बात पर मामला शांत हुआ। 15 लाख मुआवजा और पेंशन का दिया भरोसा परिजनों और साथियों ने जिंदल गेट के सामने विरोध शुरू कर दिया। उद्योग प्रबंधन का कहना था कि हादसे में मुआवजा दिया जाता है, जबकि यह हार्ट अटैक का मामला है। परिजनों ने कहा कि मौत काम के दौरान हुई है, इसलिए मुआवजा और नौकरी मिलनी चाहिए। लंबे विरोध के बाद 15 लाख मुआवजा और उसकी पत्नी को पेंशन देने का आश्वासन दिया गया, जिसके बाद आंदोलन खत्म हुआ।


