प्रयागराज में महाकुंभ में भाग लेने गई उदयपुर शहर की 62 साल की महिला गायब हो गई। वे देवनारायण ट्रैवल की बस से अपने पति, बेटी और ग्रुप के अन्य लोगों के साथ गई थी। स्नान के बाद वापस बस की ओर आते समय परिवार और ग्रुप के लोगों से बिछड़ गई। बेटे को पता लगा अपने दोस्तों के साथ महाकुंभ के लिए रवाना हो गया और सोशल मीडिया पर भी मां के गुम होने की पोस्ट शेयर की। महिला भटकते हुए यूपी पुलिस के पास पहुंची। पुलिस ने उदयपुर के प्रतापनगर पुलिस को भी सूचना दी। इसके बाद बस मालिक से सम्पर्क कर परिवार का नंबर लेकर महिला के बारे में बताया। करीब 30 घंटे बाद बाद महिला अपने परिवार से मिली। 13 फरवरी को उदयपुर से रवाना हुए उदयपुर शहर के बोहरा गणेशजी स्थित वृंदावन नगर में रहने वाले ललित (सीए) ने बताया- उनकी मां 62 साल की भुवनेश्वरी शर्मा, 65 साल के पिता सत्यनारायण शर्मा (रिटायर्ड ग्रामोद्योग प्रसार अधिकारी), बहन प्रतिभा 13 फरवरी को देवनारायण ट्रैवल्स की बस में करीब 25 लोगों के ग्रुप के साथ प्रयागराज के लिए रवाना हुए थे। बस 14 फरवरी की देर रात प्रयागराज पहुंची। इसके बाद ग्रुप के सभी लोग संगम पर स्नान के लिए पैदल रवाना हुए। स्नान के बाद 15 फरवरी की सुबह वापस बस की ओर लौट रहे थे। बहन ने मां का हाथ पकड़ रखा था। दारागंज के पास भीड़े छंटने पर मां ने बहन का हाथ छोड़ दिया। तब ही पीछे से धक्का लगा और मां भीड़ में खो गई। सोशल मीडिया पर मां की फोटो शेयर की ललित ने बताया- बहन ने फोन पर सूचना दी। इसके बाद बड़े भैया, जीजाजी और 2 दोस्तों के साथ गाड़ी से प्रयागराज के लिए रवाना हुए। अपने सोशल अकाउंट पर भी मां की फोटो लगाकर कॉन्टेक्ट नंबर डाला। ताकि किसी को पता लगे तो वो बता सकें। मां के पास मोबाइल नहीं था। मां को किसी के नंबर भी याद नहीं थे। मां को ट्रेवल बस का नाम जरूर याद था। इससे बहुत मदद मिली। ट्रेवल एजेंसी से मिला नंबर, फिर मां से करवाई बात मां भीड़ में इधर-उधर परिवार की तलाश करती रही। इस बीच यूपी पुलिस ने अकेला और परेशान देखकर पूछा। मां ने उन्हें पूरी बात बताई। उन्होंने उदयपुर की प्रतापनगर थाना इलाका पुलिस को फोन किया और ट्रेवल बस का नाम बताया। ट्रेवल बस के मालिक गोविंद से संपर्क कर बस में सवार यात्रियों की लिस्ट और फोन नंबर मांगे। इसके बाद रविवार रात साढ़े नौ बजे कॉन्टेक्ट कर मां से बात करवाई। ऐसा करते-करते करीब 30 घंटे बाद मां का पता लगा।


