भास्कर न्यूज| महासमुंद बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य और कुपोषण मुक्त समाज के संकल्प के साथ ग्राम पंचायत पचरी के आंगनबाड़ी केंद्र में वजन त्योहार उत्साहपूर्वक मनाया गया। इस अभियान के तहत 0 से 6 वर्ष तक के बच्चों, गर्भवती व धात्री माताओं सहित किशोरी बालिकाओं के स्वास्थ्य की जांच की गई। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता करुणा कुर्रे के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में बच्चों के शारीरिक विकास की बारीकी से जांच की गई। इस दौरान कुल 72 बच्चों (30 बालिका और 42 बालक) का वजन और ऊंचाई ली गई। इसके साथ ही 16 किशोरी बालिकाओं का वजन कर उन्हें स्वास्थ्य के प्रति जागरूक किया गया। 3 गर्भवती और 2 धात्री माताओं का भी स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। वजन त्योहार के संबंध में जानकारी देते हुए करुणा कुर्रे ने बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य बच्चों में कुपोषण के स्तर की पहचान करना और समय रहते उचित पोषण के माध्यम से उन्हें स्वस्थ बनाना है। उन्होंने बताया कि समय-समय पर बच्चों के वजन और ऊंचाई की निगरानी करने से उनके शारीरिक और मानसिक विकास की सही जानकारी मिलती है। कार्यक्रम को सफल बनाने में आंगनबाड़ी सहायिका अनिता जोशी का विशेष योगदान रहा। इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण महिलाएं और हितग्राही उपस्थित रहे, जिन्होंने इस सरकारी पहल की सराहना की और सेहत के प्रति सजग रहने का संकल्प लिया। हरी सब्जी और संतुलित आहार पर दिया जोर परीक्षण के उपरांत कार्यकर्ता करुणा कुर्रे ने उपस्थित महिलाओं और किशोरियों को पोषण के महत्व के बारे में विस्तार से समझाया। उन्होंने गर्भवती महिलाओं को विशेष परामर्श देते हुए कहा कि गर्भावस्था के दौरान खान-पान में लापरवाही नहीं बरतनी चाहिए। उन्होंने पौष्टिक भोजन, ताजी हरी सब्जियां और आयरन युक्त आहार को अपनी थाली में शामिल करने की सलाह दी, ताकि जच्चा-बच्चा दोनों स्वस्थ रहें।


