रामगढ़ टाइगर रिजर्व में पहली बार साथ दिखे बाघ-बाघिन:टाइगर हिल सफारी रूट पर पर्यटकों ने देखा रोमांचक नजारा

बूंदी रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व के बफर जोन टाइगर हिल एरिया के सफारी रूट पर पहली बार बाघ और बाघिन एक साथ देखे गए। दिल्ली और अमेरिका से आए पर्यटकों ने रविवार सुबह इस रोमांचक दृश्य का अनुभव किया। टाइगर हिल क्षेत्र में पहली बार दोनों का एक साथ दिखना रामगढ़ टाइगर रिजर्व के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। वन्यजीव प्रेमी भी इसे लेकर उत्साह व्यक्त कर रहे हैं, जिससे रिजर्व में बाघों की संख्या बढ़ने की उम्मीदें बढ़ गई हैं। कुनबा बढ़ने की संभावनाएं हुई प्रबल
वन विभाग के अनुसार, बीते कुछ सप्ताह में बाघिन आरवीटी-3 और बाघ आरवीटी-1 को एक साथ देखा गया है। इससे रामगढ़ में बाघों का कुनबा बढ़ने की संभावनाएं प्रबल हुई हैं। इन साइटिंग के बाद रामगढ़ अब पर्यटकों को भी आकर्षित करने लगा है। टाइगर के साथ-साथ, बफर एरिया में लेपर्ड, भालू, लोमड़ी, जंगली बिल्ली, सांभर, हिरन और नीलगाय भी पर्यटकों को देखने को मिल रहे हैं। टाइगर हिल पर दिखे बाघ-बाघिन
रविवार को दिल्ली और अमेरिका के पर्यटक टाइगर हिल पर सफारी के लिए गए थे। टाइगर हिल से लगभग 500 मीटर दूर बाघिन आरवीटी-3 बैठी हुई दिखी। इसके 100 मीटर आगे ट्रैक पर बाघ आरवीटी-1 उसकी ओर आता हुआ नजर आया। गाइड कमल सैनी ने बताया कि इस सफारी में सबसे ज्यादा लेपर्ड की साइटिंग हुई है। टाइगर आरवीटी-1 और बाघिन आरवीटी-3 भी बफर एरिया में 4-5 बार पर्यटकों को देखने को मिले हैं। दिसंबर में लगभग 200, जनवरी में लगभग 250 और फरवरी में अब तक 100 पर्यटक सफारी पर आ चुके हैं। बाघिन आरवीटी-3 के साथ शावक की भी सूचना
बाघिन आरवीटी-3 के साथ उसका 14 माह का शाव भी होने की जानकारी मिली है। ऐसे में शावक की सुरक्षा को लेकर भी खतरा पैदा हो रहा है। बाघिन से संपर्क में आने के लिए बाघ उसके शावक को निशाना बना सकता है। ऐसे में वन विभाग को यह चिंता भी सता रही है कि बाघ बच्चे को क्षति न पहुंचा दे। ऐसे में वन विभाग अलर्ट मोड पर रहा है। लगातार बाघ व बाघिन की निग​रानी की जा रही है। खुशी भी है और खतरा भी
वन्यजीव प्रेमी विठ्ठल सनाढ्य ने बताया कि बाघ व बाघिन का एक साथ रहना मेटिंग की पूरी संभावना दर्शा रहा है। अब रामगढ़ का कुनबा बढ़ने की पूरी संभावना है। चार माह बाद अच्छी खबर मिलेगी। वहीं खतरा इस बात का है कि बाघिन के साथ उसका बच्चा है। ऐसे में टाइगर बाघिन के संपर्क में आने के लिए बच्चे को नुकसान भी पहुंचा सकता है। इसलिए सावधानी रखना जरूरी है। रामगढ़ के लिए अच्छे संकेत
रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व के उप वन संरक्षक अरुण कुमार डी ने बताया कि टाइगर रिजर्व बाघ-बाघिन के कुछ सप्ताह से साथ होने की जानकारी मिली है। बाघिन के साथ उसका लगभग 14 माह का बच्चा भी है। यह रामगढ़ के लिए अच्छे संकेत हैं। अब गर्मी आ गई है तो गुमानबावड़ी व झरबंधा में पानी के इंतजाम हैं। ऐसे में अब टाइगर का मूवमेंट इधर ही रहेगा। हम प्रे-बेस भी इधर ही डेवलप कर रहे हैं।

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