एजुकेशन विभाग ने शहर में चल रहे फर्जी स्कूल पर कार्रवाई की है। जिसमें प्रैक्टिकल परीक्षा के लिए सुविधाओं की कमी के बावजूद 12वीं की परीक्षाओं के लिए छात्रों को रजिस्टर किया गया था। शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने बताया कि पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड की तरफ से दशमेश पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल महिदूदां, लुधियाना (स्कूल कोड 3100187) के खिलाफ कार्रवाई की है। जिसमें मान्यता वापस लेना और फर्जी दस्तावेज जमा करने के लिए आपराधिक शिकायत दर्ज की गई है। उन्होंने बताया कि पीएसईबी ने स्कूल की तरफ से रजिस्टर किए गए सभी 27 स्टूडेंट्स के रोल नंबर भी रद्द कर दिए हैं। मंत्री ने बताया कि शिकायत पर जांच के दौरान इस स्कूल का कोई अस्तित्व सामने नहीं आया। इसकी इमारत किराए पर दी गई थी और कोई क्लास नहीं चल रही थी। 12वीं कक्षा की परीक्षाओं के लिए रजिस्टर्ड 27 स्टूडेंट्स के रोल नंबर भी मौजूद नहीं थे। जिसके कारण बोर्ड ने उनके रोल नंबर रद्द कर दिए। उन्होंने बताया कि चार अन्य स्कूल जांच चल रही है। उन्होंने बताया कि जांच टीमों को अन्य संदिग्ध स्कूलों की जांच में तेजी लाने और जल्द से जल्द रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए गए हैं। ई कैनेडियन स्कूल का केस भी आ चुका है सामने इससे पहले फरवरी माह में ही ई कैनिडियन स्कूल की 12वीं कक्षा की मान्यता को लेकर विवाद सामने आ चुका है। स्कूल ने दो साल वहीं पर बच्चों को पढ़ाई करवाने के बाद उन्हें दूसरे स्कूल (डिसेंट स्कूल) के स्टूडेंट दिखा कर उस स्कूल का एडमिट कार्ड थमा दिया। तब भी जिले में ऐसे कई स्कूलों के बिना मान्यता के चलने का अंदेशा जताया गया था। उस समय भी जिला डीईओ डिंपल मदान ने कहा था कि इस मामले के संबंध में स्कूल संचालकों से जवाबदेही ली जाएगी। लेकिन विभाग ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया कि ऐसे स्कूल बिना मान्यता के कैसे चल रहे हैं और उनके खिलाफ क्या कार्रवाई की गई है। सोमवार को शिक्षा मंत्री का यह कहना चार स्कूल अभी भी बिना मान्यता के चल रहे हैं, अपने आप में उन बच्चों के भविष्य पर संकट की आशंका पैदा कर रहा है जो वहां शिक्षा हासिल कर रहे हैं।


