चूरू में डिजिटल जनगणना के लिए प्रशिक्षण:कलेक्टर ने किया पर्यवेक्षण, अधिकारियों को दिए निर्देश

चूरू में जिला कलेक्टर अभिषेक सुराणा ने डिजिटल जनगणना 2027 के लिए जिला एवं चार्ज अधिकारियों के प्रशिक्षण कार्यक्रम का पर्यवेक्षण किया। उन्होंने कहा कि जनगणना राष्ट्रीय महत्व का एक गंभीर विषय है, इसलिए इससे जुड़े सभी अधिकारी अपने दायित्वों को भली-भांति समझें और उनका समुचित निर्वहन सुनिश्चित करें। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि कार्य में किसी भी प्रकार की त्रुटि की संभावना नहीं रहनी चाहिए। सभी अधिकारी नियमित रूप से गतिविधियों की निगरानी करते हुए जिम्मेदारी के साथ कार्य करें। उन्होंने जोर दिया कि जनगणना केवल आंकड़ों का संकलन नहीं, बल्कि भविष्य की नीतियों, योजनाओं और संसाधन वितरण का आधार है। उन्होंने बताया कि इस बार जनगणना का अधिकांश कार्य डिजिटल माध्यम से किया जा रहा है। इसलिए प्रत्येक चरण के दौरान डेटा संबंधित कार्य पूरी स्पष्टता और सावधानी के साथ किया जाए। किसी भी समस्या या फील्ड स्तर पर आने वाली चुनौतियों का समन्वित प्रयास से समाधान करें।
प्रशिक्षण के दौरान सेल्फ इनुमेरेशन, हाउसहोल्ड सर्वे, प्रगणकों के कार्यों और जनगणना अधिनियम सहित सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं पर स्पष्टता प्रदान की गई। इस अवसर पर एडीएम अर्पिता सोनी ने प्रशिक्षण कार्यक्रम को लेकर दिशा-निर्देश दिए। सांख्यिकी विभाग के उपनिदेशक डॉ. रामगोपाल सेपट ने प्रशिक्षण एवं जनगणना की प्रक्रिया, प्रपत्रों की संरचना, डिजिटल मॉड्यूल तथा रिपोर्टिंग प्रणाली की विस्तृत जानकारी दी। जनगणना निदेशालय जयपुर के सहायक निदेशक कल्पेश गुप्ता ने भी अधिकारियों को जनगणना के लिए प्रशिक्षित किया।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *