कोटपूतली के सरुण्ड थाना क्षेत्र में बिना अनुमति डीजे बजाने वालों के खिलाफ अब कार्रवाई की जाएगी। उपखंड अधिकारी (एसडीएम) रामावतार मीणा ने सरुण्ड थानाधिकारी यशपाल सिंह को इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं। यह कार्रवाई समाजसेवी राधेश्याम शुक्लावास द्वारा सौंपे गए ज्ञापन के बाद की जा रही है। एसडीएम और डीएसपी को सौंपा ज्ञापन राधेश्याम शुक्लावास ने इससे पहले जिला कलेक्टर और जिला पुलिस अधीक्षक को भी पत्र लिखकर बिना अनुमति तेज ध्वनि में डीजे बजाने वालों पर कार्रवाई की मांग की थी। उन्होंने एसडीएम रामावतार मीणा और डीएसपी राजेंद्र बुरड़क को भी ज्ञापन सौंपा। क्षेत्र में शादियों, उत्सवों और धार्मिक कार्यक्रमों के दौरान बजने वाले तेज ध्वनि के डीजे से मरीज, बुजुर्ग और आम नागरिक परेशान हैं। बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों को भी इससे बड़ी समस्या का सामना करना पड़ रहा है। वर्तमान में तेज आवाज वाले डीजे को रोकने के लिए कोई स्पष्ट नियम या मानक नहीं हैं। आबादी वाले क्षेत्रों में कितनी डेसिबल आवाज पर डीजे बजाया जाना चाहिए, इसका भी कोई निर्धारण नहीं है। दिन के किसी भी समय ये मोबाइल डीजे सड़कों, गलियों और मोहल्लों में तेज आवाज में अश्लील और भद्दे गाने बजाते हुए निकलते हैं, जिन पर कोई कार्रवाई नहीं होती। यहां तक कि कचहरी परिसर, न्यायालय परिसर, पुलिस थाना और जिला कलेक्ट्रेट के पास भी ये डीजे बेखौफ बजाए जाते हैं। 10 बजे के बाद पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग ज्ञापन में रात 10 बजे के बाद किसी भी तरह के डीजे पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग की गई है। इसके अलावा, आबादी क्षेत्र में मोबाइल डीजे को निर्धारित आवाज में ही बजाने, नियमों का उल्लंघन करने वाले डीजे उपकरणों को तत्काल जब्त करने और तेज ध्वनि में डीजे बजाने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की गई है। भविष्य में बिना अनुमति मोबाइल डीजे के संचालन पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की भी मांग की गई है। इन्हीं मांगों पर एसडीएम ने कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।


